प्रदेश में प्रमोशन पर लगी रोक हटने से ऊधमसिंह नगर जिले में प्राथमिक और जूनियर स्कूलों के प्रधानाध्यापकों के रिक्त 342 पदों पर पदोन्नति का रास्ता साफ हो गया है। इससे स्कूलों में पढ़ाई की गुणवत्ता और अनुशासन-प्रशासनिक व्यवस्था में सुधार की भी उम्मीद जगी है। बृहस्पतिवार को प्राथमिक शिक्षक संघ ने डीईओ बेसिक से प्रमोशन की प्रक्रिया शुरू करने के लिए शासन से पत्राचार करने की मांग की।
जिले के 790 राजकीय प्राथमिक और 202 उच्च प्राथमिक स्कूलों में क्रमश: 52,681 और 31,149 बच्चे अध्ययनरत हैं। वर्तमान में प्राथमिक स्कूलों में प्रधानाध्यापकों के 274 एवं उच्च प्राथमिक स्कूलों 68 पद रिक्त हैं। 342 स्कूलों के मुखियाविहीन होने से स्कूलों में पढ़ाई प्रभावित होने के साथ ही अनुशासन एवं प्रशासनिक व्यवस्था पटरी से उतर रही है।
जनरल-ओबीसी कर्मचारियों की मांग पर सरकार ने प्रमोशन पर लगी रोक हटा दी है। इसके साथ ही कई वर्षों से मुखियाविहीन चल रहे इन स्कूलों को प्रधानाध्यापकों के रूप में मुखिया मिलने का रास्ता भी साफ हो गया है। प्राथमिक शिक्षक संघ के जिला अध्यक्ष गुलाब सिरोही और जिला मंत्री दीपक फर्त्याल ने बृहस्पतिवार को ज्ञापन देकर रिक्त पदों को शीघ्र नियुक्ति की मांग की।
फर्त्याल ने कहा कि जिले में सैकड़ों बेसिक शिक्षक पिछले 10-15 वर्षों से पदोन्नति का इंतजार कर रहे हैं। स्कूलों के प्रभार के भरोसे चलने से व्यवस्थाएं प्रभावित हो रही हैं। साथ ही पदाधिकारियों ने सर्व शिक्षा अभियान के तहत विद्यालयों में कार्यरत सभी शिक्षक-शिक्षिकाओं के वेतन को शीघ्र जारी करने की मांग की। उन्होंने कहा कि देहरादून से बजट को सरेंडर करने की बात कही जा रही है। ऐसे में उनका वेतन रुक सकता है।
अब तक प्रमोशन पर रोक होने के कारण बेसिक शिक्षकों के प्रमोशन नहीं हो पाए थे। सरकार ने प्रमोशन पर लगी रोक हटा दी है। जल्द ही शासन के निर्देशानुसार जिले में प्राथमिक व जूनियर स्कूलों में रिक्त पड़े प्रधानाध्यापकों के पदों पर पदोन्नति की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। - अशोक कुमार सिंह, डीईओ बेसिक।