रुद्रप्रयाग। भाजपा महिला मोर्चा की जिलाध्यक्ष ऊषा चमोला को पद से हटाए जाने से कार्यकारिणी नाराज है। उन्होंने जिलाध्यक्ष के समर्थन में सामूहिक त्यागपत्र देने का निर्णय लिया है। इस संबंध में प्रदेश अध्यक्ष को ज्ञापन भेजा गया है। दूसरी ओर चमोला ने कहा कि साजिश के तहत कुछ लोगों के कहने पर उन्हें पद से हटाया गया है, जिससे वह स्वयं और कार्यकारिणी के अन्य पदाधिकारी व सदस्य आहत हैं।
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष को कार्यकारिणी पदाधिकारियों के हस्ताक्षर युक्त ज्ञापन में चमोला ने कहा कि वह बीते 18 वर्ष से पार्टी से जुड़ी हैं। उन्होंने अपनी जिम्मेदारियों को ईमानदारी के साथ निभाया है, लेकिन, अब उन्हें बिना सूचना के महिला मोर्चा जिलाध्यक्ष के पद से हटाया गया है। जबकि कार्यकाल पूरा होने में सिर्फ चार माह का समय शेष रह गया था। बताया कि 30 जुलाई को बिना सूचना व कारण बताओ नोटिस के मुझे पद से हटा दिया गया, जिसकी सूचना मुझे अन्य लोगों से फोन से मिली। कहा कि साजिश के तहत कुछ लोगों के कहने पर उन्हें पद से हटाया गया है। इसलिए उनके समर्थन में महिला मोर्चा कार्यकारिणी अपने पदों से इस्तीफा दे रही है। ज्ञापन में जिला महामंत्री तीर्थश्वरी बगवाड़ी, सरला भट्ट, कविता पुंडीर, अनीता चौकियाल, नगर मंडल अध्यक्ष उमा बिष्ट, सोबती देवी, मंडल अध्यक्ष अंजू थपलियाल, रचना सेमवाल, मीडिया प्रभारी विमला बगवाड़ी, निशा देवी, भरोसी देवी, देवेश्वरी देवी, राजेश्वरी देवी, सुषमा नौटियाल आदि के हस्ताक्षर हैं। इधर, भाजपा जिलाध्यक्ष विजय कप्रवाण ने बताया कि हाईकमान द्वारा ऊषा चमोला को पद से हटाया है। उन पर वर्ष 2017 विस चुनाव में पार्टी विरोधी गतिविधियों में शामिल होने का आरोप है।