रुद्रप्रयाग। अगस्त्यमुनि ब्लाक के आसों व जयकंडी गांव को जोड़ने वाला नव निर्मित जाबरी-जयकंडी मोटर मार्ग एक माह बाद भी यातायात के लिए नहीं खुल पाया है। मार्ग के अवरुद्ध होने से बांसवाड़ा से चंद्रनगर के मध्य के गांवों में जरूरी सामग्री भी नहीं पहुंच पा रही है। ग्रामीणों ने लोनिवि पर क्षेत्र की अनदेखी का आरोप लगाते हुए जल्द सड़क सुधार की मांग की है। इधर, जनपद में सात संपर्क मार्ग अब भी बंद पड़े हैं।
बीते 16 जुलाई को जाबरी-जयकंडी मोटर मार्ग कई जगहों पर भूस्खलन के कारण बंद हो गया था, जो अभी तक नहीं खुल पाया है। समस्या के चलते ग्रामीण मीलों पैदल नाप रहे हैं। स्थानीय सामाजिक कार्यकर्ता जयवीर राणा, सुधीर राणा आदि का कहना है कि विभाग अभी तक मार्ग पर गिरे मलबे को साफ नहीं किया जा सका है। दूसरी तरफ जखोली ब्लाक में थाती, बड़मा, मुन्नादेवल, धरियांज सहित अन्य गांवों को जोड़ने वाला मार्ग पौडानामी तोक में भू धंसाव होने से अवरुद्ध हो गया है। बड़मा विकास संघर्ष समिति के अध्यक्ष कालीचरण रावत, ग्राम प्रधान सत्ये सिंह, सुखदेव रावत, राजेश्वरी देवी, सरिता देवी कल्पेश्वरी देवी, गुड्डू आर्य आदि का कहना है कि मार्ग पर भूस्खलन व भूधंसाव से दिनेश लाल का आवासीय भवन व कई नाली कृषि भूमि खतरे की जद में आ गई है। कई अन्य भवनों को भी खतरा बना हुआ है। उधर, गुप्तकाशी-कालीमठ और रैंतोली-जसोली मोटर मार्ग की हालत दयनीय बनी हुई है। मार्ग हल्की बरसात में बंद हो रहा है। लमगौंडी-देवलीभणिग्राम, छेनागाड़-बक्सीर, भौंसाल-कुंडा-दानकोट, पीड़ा-पाबौ मोटर मार्ग बंद पड़े हैं।
जाबरी-जयकंडी और कोटी बैंड-बड़मा मोटर मार्ग पर भूस्खलन से भारी कीचड़ हो रखा है, जिस कारण मशीन का संचालन नहीं हो पा रहा है। बावजूद हरसंभव प्रयास किए जा रहे हैं अवरुद्ध मार्गों को जल्द खोल दिया जाए।
इंद्रजीत बोस, ईई, लोनिवि प्रांतीय खंड