अगस्त्यमुनि। उत्तराखंड ग्राम्य विकास समिति की एकीकृत आजीविका सहयोग परियोजना की ओर से किसान मेले का आयोजन किया गया। इस मौके पर किसानों की आय 2022 तक आय दोगुनी करने के लिए रणनीति तय की गई।
शासन की परिकल्पना संकल्प से सिद्धि करे सकार के तहत खेल मैदान में आयोजित दो दिवसीय किसान मेले का शुभारंभ अगस्त्यमुनि खेल मैदान में विधायक भरत सिंह चौधरी, विधायक मनोज रावत व डीएम मंगेश घिल्डियाल और नगर पंचायत अध्यक्ष अशोक खत्री ने संयुक्त रूप से किया। इस मौके पर डीएम घिल्डियाल ने कहा कि इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य किसानों की आय दोगुनी करने के लिए उन्हें जागरूक करना है। कृषकों को तकनीकी सहयोग प्रदान किया जा रहा है, कहा कि काश्तकारों के उत्पादों को बाजार उपलब्ध कराया जाएगा। इसके लिए सरकार की ओर से हिलांस नाम से उत्पादों की बिक्री की जाएगी। विधायक चौधरी ने कहा कि किसानों को तकनीकी से जोड़कर खेती को नया आयाम देना होगा। इसके लिए काश्तकारों को जागरूक होना होगा। केदारनाथ विधायक रावत का कहना था कि किसानों की आय दोगुनी करने के दावे तो किए जा रहे हैं, लेकिन उन्हें मूलभूत सुविधाएं नहीं दी जा रही हैं। गांवों में सिंचाई नहरों की स्थिति बदहाल है। मरम्मत के नाम पर खानापूर्ति की जा रही है। एकीकृत आजीविका सहयोग परियोजना के परियोजना प्रबंधक डॉ. संजय सक्सेना ने कहा कि आजीविका का उद्देश्य हर हाथ को काम दिलाना है, जिससे आय में सुधार हो सके। ग्रामीण बेरोजगारों को कृषि के माध्यम से स्वरोजगार उपलब्ध कराने के लिए हरसंभव प्रयास किए जाएंगे। कहा कि मेले में आने वाले सभी काश्तकार का डेटा तैयार किया जा रहा है। आजीविका का उद्देश्य कृषि उद्यान, पशुपालन, बागवानी, ईको-टूरिज्म के क्षेत्र में लोगों की आर्थिकी को मजबूत करना है। मेला में आजीविका परियोजना की चंदन सहकारिता स्वायत्तता समूह को व्यवसाय के लिए वाहन की चाबी प्रदान की गई। साथ ही लाटा बाबा, चंदन सहकारिता समूह को बैंक की ओर से 10 लाख और मां मठियाणा, घडियाल देवता, नगेला, भीमसेन, उच्छाढुगी स्वायत्त समूहों को दो-दो लाख के ऋण के सीसीएल की स्वीकृत के चैक भी दिए गए। इस मौके पहचान, एक्सल व उत्सव गु्रप द्वारा आजीविका परियोजना के कार्यों के बारे में नुक्कड़ नाटक के माध्यम से लोगों को जानकारी दी गई। इस मौके पर नगर पंचायत अध्यक्ष अशोक खत्री आदि मौजूद रहे।