मंगलौर। नारसन विकास खंड कार्यालय परिसर में आयोजित क्षेत्र पंचायत समिति की बैठक में बदहाल सड़कों व जल जीवन मिशन योजना में सुस्ती का मुद्दा छाया रहा। जनप्रतिनिधियों का कहना था कि जल जीवन मिशन के तहत सड़कें खोद दी गई हैं, लेकिन काम पूरा नहीं कराया गया है। सड़कों की मरम्मत व निर्माण न होने पर बरसात के दिनों में ग्रामीणों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। सीडीओ ने जल्द ही समस्याओं को दूर करने का आश्वासन दिया। बैठक में 40 में से 27 बीडीसी व 63 में से 40 ग्राम प्रधान शामिल रहे।
बुधवार को ब्लाॅक प्रमुख कोमल देवी की अध्यक्षा में क्षेत्र पंचायत समिति की बैठक हुई। ब्लाॅक प्रमुख ने कहा कि हमारी सरकार गांवों के विकास के लिए दृढ़ संकल्पित है। मॉडल बनाकर गांवों का विकास हो रहा है। उन्होंने कहा, ग्राम पंचायत शासन की सबसे छोटी इकाई है जो लोकतांत्रिक व्यवस्था को मजबूत बनाने में अपनी महती भूमिका निभाती है। बैठक में अधिकतर बीडीसी व ग्राम प्रधानों ने पेयजल व सड़क, सिंचाई आदि अनेक मुद्दों को उठाया। उन्होंने कहा कि जल जीवन मिशन योजना के तहत गांवों में सड़कों को खोदकर छोड़ दिया गया है। इस मौके पर मुख्य विकास अधिकारी आकांक्षा कोंडे ने नाराज जनप्रतिनिधियों को आश्वासन दिया कि जल्द ही समस्याओं का निस्तारण कराया जाएगा। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को इस बाबत दिशा निर्देश भी दिए। उन्होंने जनप्रतिनिधियों से केंद्र व राज्य सरकार द्वारा चलाई जा रही योजनाओं को आम ग्रामीण तक पहुंचने का आह्वान किया। बैठक में जिला विकास अधिकारी वेद प्रकाश, परियोजना निदेशक केएन तिवारी, डीपीओ सुलेखा, नायाब तहसीलदार युसुफ अली, खंड विकास अधिकारी सुभाष सैनी आदि अनेक विभागों अधिकारी मौजूद रहे।