विधानसभा चुनाव की दस्तक से पहले रुड़की-हरिद्वार रोड पर आयोजित बसपा की जनसभा में पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव ने शायराना अंदाज में प्रदेश सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि पूरा तन जख्मों से छलनी है और दर्द परेशान है कहां से करूं बयां! यही हाल उत्तराखंड का है। उन्होंने कांग्रेस पर दलित और मुस्लिमों को तेजपत्ते की तरह इस्तेमाल करने का आरोप लगाया। कहा कि जैसे तेजपत्ते का स्वाद लेने के बाद उसे निकालकर फेंक दिया जाता है यही काम कांग्रेस ने भी किया है।
उन्होंने कहा कि राज्य गठन के बाद से बारी-बारी से कांग्रेस और भाजपा ने प्रदेश को लूटने का काम किया है। झूठे सपने और अच्छे दिनों का सपना दिखाकर भाजपा ने केंद्र में सरकार बनाई। इसके बाद घर वापसी, लव जेहाद, गोरक्षा और नोटबंदी के जरिये जनता का ध्यान भटकाने का प्रयास किया जा रहा है। मोदी पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि इस तरह से अपने गुनाहों को छिपा लेता है वो देश जब गुस्से में होता है तो रो देता है वो। उन्होंने दलितों और मुस्लिमों को वोट बैंक के रूप में इस्तेमाल करने का आरोप लगाया। कहा कि भाजपा की केंद्र सरकार मुस्लिमों और दलितों पर लगातार अत्याचार कर रही है।
उन्होंने दोनों वर्गों को बसपा से जुड़ने का आह्वान किया। कहा कि उत्तराखंड में बसपा ही समतामूलक समाज की स्थापना के साथ ही भ्रष्टाचारमुक्त शासन दे सकती है। बसपा के प्रदेश प्रभारी प्रदीप जाटव ने पलायन पर चिंता जताते हुए भाजपा और कांग्रेस को जिम्मेदार बताया। प्रदेश प्रभारी सुरेश आर्य और जिलाध्यक्ष विरेंद्र कुमार ने भी सभा को संबोधित किया। जनसभा की अध्यक्षता प्रदेश अध्यक्ष भृगुराशन राव ने की एवं संचालन सीपी सिंह ने किया। इस मौके पर झबरेड़ा के विधायक हरिदास, मंगलौर के विधायक शरबत करीब अंसारी सहित बसपा पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित थे।
जब मंच पर आया मायावती का फोन
नसीमुददीन सिददकी के मंच संभालते ही बसपा सुप्रीमो मायावती का फोन आया। इसके बाद वे मंच से किनारे जाकर जी बहन जी करते नजर आए। करीब 10 मिनट तक हुई बातचीत के दौरान सभास्थल पर सन्नाटा छाया रहा।
मायावती से त्याग की सीख लें मोदी
बसपा के राष्ट्रीय महासचिव नसीमुददीन सिद्दिकी ने पार्टी सुप्रीमो मायावाती से मोदी को त्याग की सीख लेने की नसीहत दी। न्होंने कहा कि मोदी जी खुद को चायवाला बताकर देश के लिए परिवार को छोड़ने की बात कहते हैं, लेकिन यह उचित नहीं कि परिवार बसाकर छोड़ दें। उन्होंने कहा कि मायावती ने तो देश के लिए परिवार बसाया ही नहीं है।