लक्सर। तहसील दिवस पर किसी ने फसल बीमा संबंधी धान का मुआवजा नहीं मिलने तो किसी ने सड़क के दोनों ओर ट्रक खड़ा कर रास्ता बाधित करने की शिकायतें जिलाधिकारी के सामने रखीं। यही नहीं अतिक्रमण, चकबंदी प्रक्रिया की धीमी गति, पुलिस द्वारा कार्रवाई नहीं करने, अतिक्रमण नहीं हटाने समेत कुल 96 शिकायतें दर्ज की गईं। इस दौरान 43 शिकायतों का मौके पर निस्तारण किया गया। डीएम ने तहसील में शिकायतों के निस्तारण की धीमी रफ्तार पर कड़ी नाराजगी जताई।
मंगलवार को लक्सर तहसील में आयोजित तहसील दिवस में जिलाधिकारी कर्मेंद्र सिंह ने जनशिकायतें और समस्याएं सुनीं। सतीश कुमार ने फसल बीमा संबंधी (धान) का मुआवजा न मिलने की शिकायत दर्ज कराई, जिस पर जिलाधिकारी ने जिला कृषि अधिकारी को निरीक्षण कर मुआवजा देने के निर्देश दिए। ग्राम लालचंद वाला के प्रदीप कुमार ने सड़क पर दोनों साइड ट्रक खड़े होने पर आने जाने का रास्ता बाधित होने की शिकायत की, जिस पर जिलाधिकारी ने एआरटीओ को जांच कर चालान करने के निर्देश दिए। डूंगरपुर निवासी इलम सिंह, वीर लालचंद और डौसनी निवासी फूलन देवी ने चकबंदी से संबंधित शिकायत की।
अधिवक्ता राकेश सैनी ने जलसंस्थान के क्षतिग्रस्त ओएचटी, गंगदासपुर निवासी राजवीर ने अतिक्रमण, लक्सर निवासी ज्योति ने राशनकार्ड संबंधी शिकायतें दर्ज कराई। इस दौरान जिलाधिकारी ने लंबित शिकायतों के निस्तारण की संख्या को लेकर नाराजगी जताते हुए अधिकारियों को मुस्तैदी से कार्य करने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने कहा कि यदि कोई अधिकारी अथवा कर्मचारी कर्तव्य पालन में लापरवाही बरतता है तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। तहसील दिवस पर जनशिकायतें सुनने पहुंचे जिलाधिकारी कर्मेंद्र सिंह ने तहसील भवन का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान अव्यवस्थाओं को लेकर उन्होंने व्यवस्था में सुधार करने के निर्देश अधिकारियों को दिए। तहसील भवन में एक स्थान पर खुले विद्युत तारों को लेकर उन्होंने तत्काल उन्हें बंद कराए जाने के निर्देश दिए। इस मौके पर सीडीओ आकांक्षा कोण्डे, उपजिलाधिकारी सौरभ असवाल, एसपी देहात शेखर सुयाल, सीएमओ डॉ. आरके सिंह सभी विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।