बॉर्डर पर चेकिंग के दौरान एक सिपाही ने कार रोकने के लिए उसपर डंडा मार दिया। इससे नाराज कार सवार युवकों ने हंगामा कर दिया और सिपाही से भिड़ गए। इसी बीच युवकों और सिपाही के बीच धक्कामुक्की हो गई। यह देख अन्य पुलिसकर्मियों ने दोनों युवकों को हिरासत में ले लिया।
नारसन बॉर्डर पर प्रदेश में प्रवेश करने वालों को ई-पास दिखाना अनिवार्य है। इसके बाद ही उन्हें प्रवेश दिया जा रहा है। लॉकडाउन के लगते ही यह प्रक्रिया बॉर्डर पर जारी है। शुक्रवार को मुजफ्फरनगर के बरला गांव निवासी दो युवक कार से नारसन क्षेत्र के गांव कुआंखेड़ी आ रहे थे। नासरन बॉर्डर पर ड्यूटी पर तैनात एक सिपाही ने हाथ देकर कार रुकने का इशारा किया। जब तक कार रुकती सिपाही ने उसपर डंडा मार दिया। इस पर युवकों ने कार में डंडा मारने का विरोध किया और सिपाही से भिड़ गए। इतना ही नहीं युवकों और सिपाही के बीच धक्कामुक्की भी हुई। तभी अन्य पुलिसकर्मी मौके पर दौड़े और दोनों युवकों को पकड़ लिया। पुलिसकर्मी दोनों को कार समेत नारसन पुलिस चौकी पर ले आए। एसपी देहात एसके सिंह ने बताया कि कार न रोकने पर सिपाही ने डंडा मार दिया था। इससे कार में स्क्रेच आ गया। इस पर युवकों ने हंगामा कर दिया। अधीनस्थों को मामले की जांच कर कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं।
युवक नहीं दिखा पाए ई-पास
कार सवार युवकों से प्रदेश की सीमा में प्रवेश करने के लिए पुलिस ने ई-पास दिखाने की बात कही तो वे इधर-उधर झांकने लगे। पुलिस ने युवकों से कड़ाई से जानकारी ली तो युवकों ने बताया कि उनके पास कोई ई-पास नहीं है। वह अपनी रिश्तेदारी में आने के लिए बिना पास के ही कार लेकर निकले थे। वहीं, सूचना मिलते ही युवकों के रिश्तेदार भी पुलिस चौकी पर पहुंच गए। बताया जा रहा है कि मामले में सुलह के प्रयास चल रहे हैं।