Farewell to give Pakistan Jayrinon Kaliyar Waqf Board Chairman Mohammad Akram.
- फोटो : amarujala
साबिर पाक के 748वें सालाना उर्स में बुधवार को गुस्ल शरीफ की आखिरी रस्म अदा की गई। इस दौरान मजार-ए-मुकद्दस और दरगाह शरीफ को गुलाब जल और केवड़ा जल से नहलाया गया। उसके बाद गुस्ल का जल पाने के लिए जायरीनों की होड़ लग गई। देर शाम गुस्ल का जल लेकर पाकिस्तानी जायरीन कलियर से विदा हो गए।
दरगाह पिरान कलियर के सालाना उर्स की आखिरी रस्म में हजारों अकीदतमंद पहुंचे। इस दौरान साबिर पाक के मजार-ए-मुकद्दस और पूरी दरगाह को गुलाब जल और केवड़ा से नहलाया गया। सज्जादा नशीन शाह मन्सूर एजाज साबरी और नायब सज्जादा नशीन शाह अली मंजर एजाज साबरी ने गुस्ल शरीफ की रस्म अदा कराई। उर्स में देश-विदेश से पहुंचे जायरीनों ने गुस्ल शरीफ की रस्म अदा में हिस्सा लिया। इससे पूरी दरगाह सुगंधित हो उठी।
पाक जायरीनों ने भी गुस्ल शरीफ की रस्म में शिरकत की। देश-विदेश से आए जायरीनों के साथ स्थानीय भी गुस्ल का पानी पाने के लिए उमड़ पड़े। किसी ने कटोरे में किसी ने लोटे और किसी ने गिलास में गुस्ल का पानी लेकर सिर माथे से लगाया। जिसके पास कुछ नहीं था वह अपने कपड़े तर करता दिखाई दिया। इसी के साथ उर्स की रस्में संपन्न हो गई। उसके बाद देर शाम पाकिस्तानी जायरीनों ने भी साबिर को अलविदा कह दिया। हालांकि उर्स मेला चांद की 20 तारीख तक चलेगा। इस दौरान शाह वामिक एजाज, शाह सुहैल, शाह काशिफ, खालिद मियां, राजू फरीदी, राशिद साबरी, शाह यावर अली, अनवर जमाल काजमी, शफीक साबरी, डा. इनाम साबिर आदि मौजूद रहे।