रुड़की। केएलडीएवी पीजी कालेज के छात्रों ने शनिवार को एमएससी की फीस बढ़ाए जाने को लेकर रोष जताया। छात्रों ने फीस वापस लिए जाने की मांग को लेकर प्राचार्या का घेराव भी किया। प्राचार्या के विश्वविद्यालय से वार्ता करने के आश्वासन पर छात्र शांत हुए।
एमएससी सत्र 2014-15 में विवि की फीस 1600 रुपये थी। लेकिन विवि ने बाद में फीस बढ़ाकर 4700 रुपये कर दी। छात्रों ने उस समय भी इसका जमकर विरोध किया। साथ ही बढ़ी हुई फीस न देने की बात कही। छात्रों की परीक्षा भी हो चुकी है और परीक्षा परिणाम भी जारी किया जा चुका है।अब विवि ने बकाया फीस जमा कराए जाने को लेकर कालेज को पत्र लिखा है। विवि के निर्देश पर कालेज ने सभी छात्रों को बकाया फीस 3100 रुपये जमा करने के लिए कहा है। इस फरमान को सुनते ही छात्र भड़क उठे। छात्रों का कहना था कि विवि ने सत्र के बीच में फीस बढ़ाई है। जो किसी भी तरह से उचित नहीं है। इस बात को लेकर एकत्रित होकर छात्र प्राचार्या डा. यशोदा मित्तल के पास पहुंचे। छात्रों ने फीस बढ़ाए जाने का विरोध किया। साथ ही विवि की ओर से मांगी जा रही बकाया फीस न देने की बात कही। प्राचार्या डा. यशोदा मित्तल ने छात्रों को बताया कि विवि की ओर से जो निर्देश दिए गए हैं। उसी आधार पर कालेज बकाया फीस मांग रहा है। यदि उन्हें इसमें कोई आपत्ति है तो वह अपनी आपत्ति लिखित रुप में दे दें। वह विवि को उसे भेज देंगे और स्वयं भी इस संबंध में विवि से वार्ता करेंगी। एमएससी के करीब 110 छात्र हैं। जिनसे यह बढ़ी हुई फीस ली जा रही है। छात्रों ने कहा कि वह यह फीस नहीं देंगे। जरूरत पड़ी तो वह इसके लिए आंदोलन करेंगे। इस अवसर पर योगेश कुमार चौधरी, निधि, रुबि, अंकुश, दीपा एवं अनुज आदि मौजूद रहे।