ईंट भट्टे पर छह परिवार को बंधक बनाकर जबरन काम कराए जाने की शिकायत पर एसपी देहात ने पुलिस को साथ लेकर छापामारी की। इस दौरान पुलिस ने छह परिवारों को बंधन मुक्त कराया। साथ ही परिवार को कोतवाली लाकर बयान दर्ज किए। पुलिस सभी लोगों से मामले की जानकारी ले रही है। साथ ही भट्टा मालिक से भी मामले की जानकारी ले रही है।
पुलिस के अनुसार, मुजफ्फरनगर निवासी इरफान ने मानव अधिकार आयोग से कुछ दिन पहले शिकायत की थी। शिकायत में बताया था कि टांडा भनेड़ा स्थित एक ईंट भट्टे पर पांच से छह परिवारों को बंधक बनाकर जबरन काम करवाया जा रहा है। आरोप लगाया था कि परिवार के लोगों को घर नहीं जाने दिया जा रहा है। मानव अधिकार आयोग ने मामले को गंभीरता से लेते हुए एसपी देहात नवनीत सिंह से शिकायत की थी। साथ ही मामले में कार्रवाई की बात कही थी। इस पर शुक्रवार को एसपी देहात मंगलौर कोतवाली पहुंचे और यहां से पुलिस टीम को साथ लेकर भट्टे पर पहुंचे। यहां पुलिस को मुजफ्फरनगर के छह परिवार काम करते मिले। पुलिस परिवार के सभी सदस्यों को लेर कोतवाली पहुंची। यहां पुलिस ने परिवार के लोगों के बयान दर्ज किए। वहीं, पुलिस ईंट भट्टा मालिक से भी पूछताछ कर रही है। एसपी देहात नवनीत सिंह ने बताया कि परिवार के सदस्यों से पूछताछ की जा रही है। अगर बंधक बनाने की बात सही पाई जाती है तो कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि ईंट भट्टा मालिक का भी पक्ष जाना जा रहा है। इसके बाद जो भी सच्चाई सामने आती है, उसी के आधार पर पुलिस को कार्रवाई के निर्देश दिए जाएंगे। इस दौरान सीओ डीएस रावत और कोतवाली प्रभारी प्रदीप चौहान भी मौजूद रहे।