कोतवाली क्षेत्र में एक विवाहिता ने अपने पति और ससुराल पक्ष पर गंभीर आरोप लगाए हैं। पीड़िता का आरोप है कि ससुराल वाले दहेज में कार और 10 लाख रुपये की मांग कर रहे थे। मना करने पर उसे लगातार प्रताड़ित किया गया।
पीड़िता असमा निवासी ग्राम पीरपुरा ने पुलिस को तहरीर दी है। उसका निकाह 11 जून 2022 को हारून निवासी टोडा कल्याणपुर से हुआ था। शादी में मायके वालों ने 15 लाख रुपये खर्च किए थे। असमा का आरोप है कि शादी के कुछ समय बाद ही पति हारून, सास रिहाना, जेठ मेहरबान और इंतजार ने उसे प्रताड़ित करना शुरू कर दिया। वे कार और 10 लाख रुपये नकद लाने की मांग कर रहे थे। मायके वालों की आर्थिक स्थिति का हवाला देने पर उसे ताने दिए जाते थे। पीड़िता ने पति पर उसे अंधेरे में रखकर दूसरी शादी करने का भी आरोप लगाया है। पति ने दूसरी शादी के पंजीकरण के दौरान गलत शपथ पत्र दिया था।
दूसरी शादी का खुलासा और तलाक
असमा का आरोप है कि पति हारून ने मेरठ की युवती रेशमा से धोखे से दूसरा निकाह किया। सूचना के अधिकार (आरटीआई) के तहत मिले दस्तावेज से यह खुलासा हुआ। हारून ने शपथपत्र में इस शादी को अपना पहला निकाह बताया था। जब असमा ने पति से इस बारे में पूछा, तो उसने ससुराल में ही उसे तीन तलाक दे दिया।
अन्य आरोप और पुलिस कार्रवाई
असमा ने अपने जेठों पर भी छेड़छाड़ का गंभीर आरोप लगाया है। मामले को सुलझाने के लिए कई बार पंचायतें हुईं लेकिन ससुराल पक्ष ने अपनी गलतियां मानने से इन्कार कर दिया। वे दहेज की मांग पर अड़े रहे। हार न मानकर पीड़िता ने अब पुलिस की शरण ली है। पुलिस ने असमा की शिकायत पर संबंधित धाराओं में एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।