ट्रक की बॉडी को कटर से काटने का प्रयास करतीं एसडीआरएफ की टीम ।
- फोटो : RISHIKESH
ऋषिकेश। नरेंद्रनगर से ऋषिकेश आ रहा एक ट्रक गंगोत्री राजमार्ग पर औणीं बैंड के पास अनियंत्रित होकर सड़क पर पलट गया। हादसे में चालक ने तो ट्रक से कूदकर जान बचा ली, लेकिन हेल्पर ट्रक के नीचे दब गया। स्थानीय लोगों की सूचना पर मौके पर पहुंची थाना मुनिकीरेती पुलिस और एसडीआरएफ के जवानों ने कड़ी मशकत के बाद हेल्पर को ट्रक से बाहर निकाला। लेकिन तब तक हेल्पर की मौत हो गई थी। थाना मुनिकीरेती पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए एम्स भेजा।
थाना मुनिकीरेती प्रभारी निरीक्षक आरके सकलानी ने बताया कि घटना बुधवार सुबह करीब 8.30 बजे की है। औणीं बैंड के पास ट्रक अनियंत्रित होकर सड़क पर पलट गया। इस हादसे में ट्रक चालक कमल (30) पुत्र डालचंद, निवासी बिजनौर ने ट्रक से कूदकर अपनी जान बचाई, इस दौरान उसे सामान्य चोटें आई हैं। जबकि हेल्पर दीपक (17) पुत्र स्व. साधु कुमुती, निवासी विहार, हाल निवासी मायाकुंड ऋषिकेश की ट्रक के नीचे दबने से घटनास्थल पर ही मौत हो गई। हेल्पर की मौत पर उसके घर पर कोहराम मच गया है।
मां आधे घंटे में घर पहुंच जाऊंगा....
ऋषिकेश। नरेंद्रनगर में दीपक ने अपनी मां कांति को फोन किया। फोन पर उसने अपनी मां को आधे घंटे में घर पर पहुंचने की बात कही। लेकिन मां को क्या पता था कि आधे घंटे बाद उसके लाल की मृत्यु की खबर आएगी। थाना मुनिकीरेती पुलिस ने जब उसके परिवार को दूरभाष पर इस हादसे की सूचना दी तो दीपक के घर पर कोहराम मच गया। दीपक के परिजनों ने बताया कि दीपक अपने घर का इकलौता बेटा था। उसकी तीन बडी बहनें हैं। पिता साधु कुमुती की भी छह महीने पहले ही मौत हो चुकी है। पिता के मरने के बाद घर की जिम्मेदारी दीपक के ऊपर आ गई थी। लेकिन किस्मत को कुछ और ही मंजूर था। छह महीने बाद ही पति के बाद बेटे का साया भी परिवार से छिन गया है। दीपक की बड़ी बहन नैंनसी ने बताया कि उसका भाई दीपक 30 नवंबर को ऋषिकेश टिहरी होते हुए श्रीनगर गए थे। आधा घंटे पहले उसका नरेंद्रनगर से मां को फोन आया कि मां मैं नरेंद्रनगर पहुंच गया हूं, आधा घंटे में घर पहुंच जाऊंगा।
मृतक- दीपक, निवासी मायाकुंड।- फोटो : RISHIKESH