शहर में वाहन दुर्घटना रोकने के लिए प्रशासन की ओर से तहसील सभागार में बैठक आयोजन किया गया। वाहन दुर्घटना रोकने के लिए एसडीएम ने लोनिवि सिंचाई विभाग के इंजीनियरों को भारी वाहनों के लिए पार्किंग चिह्नित करने के निर्देश दिए। नो पार्किंग और गति सीमा का बोर्ड लगाने और पशुपालन विभाग को सड़कों पर घूम रहे निराश्रित पशुओं के गले के टैग खरीद के लिए प्रस्ताव बनाने के निर्देश दिए गए।
तहसील सभागार में आयोजित बैठक में एसडीएम योगेश मेहरा ने परिवहन विभाग, यातायात पुलिस को संयुक्त रूप से रात को अभियान चलाने के निर्देश दिए। लोनिवि ऋषिकेश, एनएच डोईवाला के इंजीनियरों को सड़क पर मार्किंग करने, नो पार्किंग और स्पीड लिमिट का साइनबोर्ड लगाने के निर्देश दिए। सड़क पर घूम रहे निराश्रित पशुओं के गले का रेडियम का पट्टा खरीदने के लिए प्रस्ताव बनाने के निर्देश दिए। एसडीएम ने कहा कि रेडियम के यह पट्टे आपदा फंड या फिर सीएसआर फंड से उपलब्ध कराए जा सकते हैं।
नगर निगम प्रशासन को बंद पड़ी स्ट्रीट लाइटों को दुरुस्त करने के निर्देश दिए गए। वहीं उत्तराखंड मोटर ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन की ओर से एसडीएम को ज्ञापन दिया गया। जिसमें चंद्रभागा नदी के किनारे अस्थायी पार्किंग का निर्माण करने, बाईपास मार्ग के चौड़ीकरण करने, मनसा देवी चौक को चौड़ा करने, ड्रिंक एंड ड्राइव के खिलाफ अभियान चलाने, तहसील रोड, गौरा देवी मार्ग से वाहनों को हटवाने की मांग की गई। इस अवसर पर एआरटीओ (प्रवर्तन) रश्मि पंत, एआरटीओ (प्रशासन) रावत सिंह कटारिया, डॉ. अमित वर्मा, गजेंद्र नेगी, अमर सिंह रावत, बिजेंद्र सिंह कंडारी आदि उपस्थित रहे।