ऋषिकेश एम्स संस्थान में रेडियोलॉजी विभाग की शुरुआत हो गई। बुधवार से विभाग में अत्याधुनिक सिटी स्कैन मशीन ने कार्य करना शुरू कर दिया है। इससे रोगियों को सुविधा मिलने लगी है। एम्स प्रशासन के अनुसार विभाग में रेडियोग्राफी, मेमोग्राफी और डिजिटल एक्स रे आदि सुविधाएं भी एक महीने में शुरू कर दी जाएंगी।
संस्थान के निदेशक डॉ. राजकुमार ने कहा कि अगले साल संस्थान रोगियों के लिए कई अन्य महत्वपूूर्ण सेवाएं भी शुरू करेगा। इसके लिए तैयारी की जा रही है। बुधवार को सुप्रीमकोर्ट के पूर्व मुख्य न्यायाधीश केजी बालाकृष्णन ने ऋषिकेश एम्स संस्थान में रेडियोलॉजी विभाग का लोकार्पण किया।
इस दौरान उन्होंने कहा कि उत्तराखंड एम्स में लगातार बढ़ रही सेवाओं से गरीब तबके के लोगों को उपचार का लाभ मिलेगा। उन्होंने उम्मीद जताई कि राज्य में अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान की स्थापना से समीपवर्ती राज्यों के लोगों को भी बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मिल सकेंगी।
एम्स निदेशक डॉ. राजकुमार ने बताया कि अत्याधुनिक सिटी स्कैन मशीन से रोग की जांच के लिए 2.5 सेकेंड में इमेज ली जा सकती है। करीब 10 करोड़ की लागत से स्थापित मशीन में रोगी की सांस रोके बिना भी लंग्स, हार्ट आदि की शत प्रतिशत सही इमेज लेने की सुविधा है। उन्होंने बताया कि रेडियोलॉजी विभाग में रोगियों को मेमोग्राफी, डिजिटल एक्सरे, एमआरआई और रेडियोग्राफी की सुविधाएं भी एक महीने में मिलने लगेंगी।
इसके लिए संबंधित मशीनों को स्थापित करने और ट्रायल का कार्य जारी है। इस अवसर पर संस्थान के सब डीन डॉ. सौरभ वार्ष्णेय, मुख्य प्रशासनिक अधिकारी राकेश कुमार, अधीक्षण अभियंता एसबी पांडेय, फाइनेंस कंट्रोलर डीपी लखेड़ा, प्रदीप पांडेय, सुभाष चौहान आदि मौजूद थे।