ऋषिकेश। एम्स में नर्सिंग अधिकारियों की पदोन्नति और आरक्षण रोस्टर को लेकर विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है। रविवार को एम्स एससी/एसटी कर्मचारी कल्याण संघ के पांच नर्सिंग अधिकारियों की भूख हड़ताल तीसरे दिन, जबकि पदोन्नति पाने वाले पांच कर्मचारियों की भूख हड़ताल दूसरे दिन भी जारी रही।
एम्स एससी/एसटी कर्मचारी कल्याण संघ ने मांग की है कि विवादित विभागीय पदोन्नति समिति (डीपीसी) और इसके तहत पदोन्नत कर्मचारियों की नियुक्तियां निरस्त होने तक आंदोलन जारी रहेगा। संघ आरक्षण रोस्टर लागू नहीं किए जाने का विरोध कर रहा है।
वहीं, पदोन्नति पाने वाले नर्सिंग अधिकारियों का कहना है कि उनकी पदोन्नति नियमानुसार हुई है, इसलिए इसे निरस्त नहीं किया जाना चाहिए। वे अपनी पदोन्नति बरकरार रखने की मांग पर अड़े हैं।
दोनों पक्षों के आंदोलन से एम्स परिसर में तनाव की स्थिति बनी हुई है। नर्सिंग अधिकारियों के आंदोलन से स्वास्थ्य सेवाओं पर असर पड़ने की आशंका है। हालांकि, रविवार को ओपीडी सेवाएं बंद रहीं। फिलहाल एम्स प्रशासन विवाद सुलझाने के प्रयास कर रहा है, लेकिन दोनों पक्ष अपनी मांगों पर अड़े हुए हैं।
आंदोलित दोनों पक्षों के नर्सिंग अधिकारियों से बातचीत की जा रही है। जल्द मामला सुलझा दिया जाएगा।
- डॉ. श्रीलॉय मोहंती, पीआरओ, एम्स।