ढालवाला। बजरंग सेतु के पास निर्मित गऊ घाट पर्यटकों और श्रद्धालुओं के लिए आकर्षण का केंद्र तो बन रहा है लेकिन बुनियादी सुविधाओं की कमी के कारण यह स्थल दुर्घटनाओं का केंद्र भी बनता जा रहा है। घाट का निर्माण कार्य पूरा हो चुका है लेकिन नदी किनारे तक पहुंचने के लिए पक्की सीढ़ियों का निर्माण न होने से यहां आने वाले लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। इसके बावजूद, क्षेत्र में मोटर बोट का सफल संचालन शुरू होने से पर्यटकों की आवाजाही और चहल-पहल में जबरदस्त इजाफा दर्ज किया जा रहा है। बजरंग सेतु के पास स्थित इस गंगा घाट पर प्रतिदिन सैकड़ों की संख्या में स्थानीय श्रद्धालु, वृद्ध, महिलाएं और दूर-दराज से आए पर्यटक पहुंच रहे हैं। हालांकि, घाट से जलस्तर तक जाने के लिए व्यवस्थित और पक्की सीढ़ियां नहीं बनाई गई हैं। पर्यटकों और श्रद्धालुओं को ढलादार कच्चे रास्तों से उतरना पड़ रहा है। कई बार पैर फिसलने से श्रद्धालु और पर्यटक चोटिल हो चुके हैं। बुजुर्गों और छोटे बच्चों के लिए यह रास्ता बेहद खतरनाक साबित हो रहा है।
मोटर बोट के संचालन से बढ़ा पर्यटकों का रोमांच
दूसरी ओर बजरंग सेतु और आसपास के गंगा तटीय क्षेत्रों में मोटर बोट का नियमित संचालन शुरू होने से क्षेत्र की पर्यटन गतिविधियों को नई ऊर्जा मिली है। गंगा की शांत और वेगवान धाराओं के बीच मोटर बोट की सवारी करने के लिए बड़ी संख्या में पर्यटक पहुंच रहे हैं। नौकायन और रोमांचकारी जल क्रीड़ाओं के शौकीनों के लिए यह नया केंद्र बिंदु बनता जा रहा है। वीकेंड को बजरंग सेतु के आसपास पर्यटकों का जमावड़ा लगा रहता है जिससे स्थानीय व्यवसायियों, हस्तशिल्प विक्रेताओं और खान-पान की दुकानों का कारोबार भी चमक उठा है।
कोट-
घाट पर श्रद्धालुओं और पर्यटकों की सुरक्षा हमारी प्राथमिकता है। वहां लगे विद्युत ट्रांसफार्मर को दूसरी जगह शिफ्ट कराया जा रहा है, जिसके बाद पक्की सीढ़ियों का निर्माण कार्य पूरा करा दिया जाएगा।कमल सिंह, अधिशासी अभियंता, सिंचाई विभाग, नरेंद्र नगर