स्वर्गाश्रम स्थित वेद निकेतन के पास करोड़ों की लागत से बन रहे थ्रीलेन ब्रिज का निर्माण कार्य भगवान भरोसे हो रहा है। निर्माण एजेंसी ब्रिज के निर्माण में किस गुणवत्ता की सामग्री इस्तेमाल कर रही है, कार्यदायी संस्था को इससे कोई मतलब नहीं है।
रविवार को स्थानीय नागरिकों ने साइट पर घटिया गुणवत्ता की निर्माण सामग्री पकड़कर इसका खुलासा किया। बताया जा रहा है कि इस दौरान कार्यदायी संस्था लोक निर्माण विभाग नरेंद्रनगर डिवीजन का कोई जिम्मेेदार तकनीकी अधिकारी मौके पर नहीं था।
मामले का खुलासा होने पर कंपनी के अभियंता ने स्वीकारा कि साइट पर गलती से उक्त मटेरियल आ गया है। पीडब्लूडी नरेंद्रनगर के अधिशासी अभियंता मोहम्मद आरिफ खान का कहना है कि हर दिन वह साइट का निरीक्षण करते हैं। लेकिन सवाल है कि यदि विभागीय अधिकारी प्रतिदिन साइट विजिट करते हैं तो घटिया क्वालिटी का मटेरियल साइट पर कैसे पहुंचा। यह बात स्थानीय लोगों के गले नहीं उतर रही।
दूसरी ओर इस दौरान निर्माण स्थल पर पीडब्लूडी के मेठ (सुपरवाइजर) के अलावा कोई भी जिम्मेदार अधिकारी मौजूद नहीं थे। पीडब्लूडी के मेठ यशोदानंद उनियाल का कहना था कि बीते शनिवार रात जैसे ही ब्रिज की साइट पर उक्त मटेरियल लाया गया, उन्होंने कंपनी से इसका इस्तेमाल नहीं करने को कह दिया था।