हरिद्वार रोड पर नेशनल हाईवे की भूमि पर हुए अतिक्रमण हटाते मजदूर।
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ऋषिकेश। हरिद्वार रोड पर राष्ट्रीय राजमार्ग की जमीन पर घन चल रहता। चौथे रविवार होने के कारण दुकान स्वयं ही अपने दुकानों को तोड़ते रहे। इस दौरान हरिद्वार रोड खुली-खुली दिखी।
राष्ट्रीय राजमार्ग पर बनीं दुकानों को हटाने के लिए राष्ट्रीय राजमार्ग खंड डोईवाला की ओर से चार दिन से दुकानों को ध्वस्त करने का काम किया जा रहा है। राष्ट्रीय खंड डोईवाला को कोयलघाटी पर तक हाईवे के किनारे अस्थाई दुकानों को ध्वस्त किया जाना है। रविवार को विभागीय जेसीबी और अधिकारी तो मौके पर नहीं आए, दुकानदार स्वयं ही अपनी दुकानों का अतिक्रमण ढहाते रहे। वहीं नगर निगम कार्यालय नजदीक बनी मंदिर की चहारदीवारी को भी मंदिर के पुजारी ढहाते रहे। सोमवार को राष्ट्रीय राजमार्ग खंड के अधिकारी और कर्मचारी आएंगे। उसके बाद जेसीबी की सहायता से अन्य दुकानों को ध्वस्त करने का काम किया जाएगा। राष्ट्रीय राजमार्ग खंड के सहायक अभियंता प्रवीण कुमार सक्सेना ने बताया कि सोमवार से काम में तेजी आएगी। वहीं लोनिवि निरीक्षण भवन के पास क्षतिग्रस्त हुई पेयजल लाइन को जल संस्थान की ओर से ठीक कर दिया गया है। शनिवार को पेयजल लाइनों में लीकेज होने के कारण सड़क के किनारे तालाब सा बन गया था।
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व्यापारियों ने की विस्थापन की मांग
ऋषिकेश। हरिद्वार रोड पर राष्ट्रीय राजमार्ग की जमीने से हटाए गए दुकान स्वामियों की ओर से एक बैठक का आयोजन किया गया। बैठक में सभी व्यापारी एकत्रित हुए। बैठक में उपस्थित व्यापारियों का कहना था कि प्रशासन की ओर से उन्हें सामान हटाने का समय नहीं दिया गया। जिससे उनका सामान खराब हो गया। उन्होंने प्रशासन से अन्यत्र विस्थापित करने की मांग की है। जिससे की उनका कारोबार चल सके। बैठक में विजेंद्र कंडारी, ज्ञानीराम, ओमप्रकाश, सतीश कुमार आनंद, रामकुमार चौहान, शिव बजाज, अजय कुमार गोयल, कुलदीश शर्मा, अमरनाथ, पशुपति गैरोला, सुंदर भंडारी आदि थे।