ऋषिकेश। उच्च शिक्षण संस्थानों में प्रवेश लेने वाले छात्र-छात्राओं के लिए एकेडमिक बैंक ऑफ क्रेडिट आईडी बनवाना अनिवार्य हो गया है। बड़ी संख्या में छात्र केवल नाम की असमानता के कारण परेशानी का सामना कर रहे हैं। ऐसे में प्रवेश प्रक्रिया शुरू होने से पहले विद्यार्थियों को अपने दस्तावेजों की जांच कर एबीसी आईडी बनवाने की सलाह दी गई है।
श्रीदेव सुमन विवि के पीएलएमएस परिसर निदेशक प्रो. एमएसस रावत ने कहा कि एबीसी आईडी बनाते समय यह सुनिश्चित करें कि हाईस्कूल के प्रमाणपत्र, आधार कार्ड और एबीसी आईडी में छात्र का नाम पूरी तरह एक जैसा हो। यदि किसी भी दस्तावेज में नाम की वर्तनी, क्रम या मध्य नाम अलग है तो एबीसी आईडी सही तरीके से लिंक नहीं हो पाती। इसका सीधा असर प्रवेश प्रक्रिया पर पड़ता है और छात्रों को दस्तावेज सत्यापन में अतिरिक्त परेशानी उठानी पड़ती है। ऐसे में प्रवेश के अंतिम समय में ऐसी त्रुटियों को ठीक कराने में काफी समय लग सकता है। इसलिए विद्यार्थी समय रहते अपने दस्तावेजों का मिलान कर लें और आवश्यकता होने पर पहले ही संबंधित अभिलेखों में संशोधन करा लें।