खांडगांव में साहसी महिलाओं को किया सम्मानित
ब्यूरो/अमर उजाला
रायवाला। राजाजी टाईगर रिजर्व की सीमा से सटे खांडगांव में इको विकास समिति की बैठक में वन्यजीवों से त्रस्त ग्रामीणों ने फिर से विस्थापन की मांग उठाई है। बैठक में ग्रामीणों की विभिन्न समस्याओं पर चर्चा की। जिनके समाधान को लेकर समिति ने कई प्रस्ताव पारित किए।
मंगलवार को खांडगांव नंबर दो में आयोजित ईको विकास समिति की बैठक में राजाजी प्रशासन के वन्यजीव प्रतिपालक प्रदीप कुमार ने ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं। बैठक में बतौर मुख्य अतिथि मौजूद पूर्व मंत्री दिनेश धनै ने बीते दिनों गुलदार से भिड़कर लक्ष्मी धनै की जान बचाने वाली गुड्डी सजवाण और उसकी सहयोगी रही महिलाओं को शाल ओढ़ाकर सम्मानित किया।
इसके बाद समिति अध्यक्ष चंद्र सिंह नेगी की ओर से बैठक कर ग्रामीणों की समस्याएं सुनी गईं। पंचायत सदस्य सरोजनी नेगी ने बताया कि चीला-मोतीचूर कॉरिडोर के लिए विस्थापन प्रक्रिया से शेष रह गए परिवार हिंसक वन्यजीवों से परेशान हैं। प्रभावित परिवारों को विस्थापित किया जाना चाहिए। बैठक में कुंवर सिंह नेगी की ओर कई वर्षों से फसली मुआवजा नहीं मिलने की समस्या उठाई गई। राजाजी प्रशासन को अवगत कराया गया कि अधिकतर परिवारों की अजीविका का साधन पशुपालन है। वनों में प्रवेश पर रोक से कई परिवारों के सामने जीवनयापन का संकट है। ग्रामीणों के प्रस्तावों पर वन्यजीव प्रतिपालक प्रदीप कुमार की ओर से राहत का भरोसा दिलाया गया।