नेपाल सरकार की तकनीकी टीम का सर्वे न होने और झूलापुल के हैंडओवर की प्रक्रिया पूरी न होने के कारण 24 नवंबर की शाम से कुछ दिन के लिए जौलजीबी में महाकाली में बने झूलापुल से आवागमन बंद हो जाएगा। पिथौरागढ़ जिला प्रशासन के अधिकारियों ने झूलापुल को मेले के दौरान खोलने के लिए नेपाल सरकार से आग्रह किया था। इस आग्रह को नेपाल सरकार ने तब स्वीकार कर लिया था और 14 नवंबर को अपराह्न करीब 2.30 बजे इस नए पुल से आवागमन शुरू हो गया था। सूत्रों के अनुसार पुल से आवागमन शुरू होने के बाद नेपाल के उच्चाधिकारियों ने इसमें कड़ी आपत्ति जताई और टेक्निकल टीम का सर्वे हुए बगैर पुल से आवागमन न किए जाने को कहा है।
नेपाल सरकार ने जौलजीबी में महाकाली के ऊपर 230 मीटर लंबे झूलापुल का 80 लाख रुपये की लागत से निर्माण किया है। पुल में अभी कई काम शेष हैं। ठीक इसी बीच में जौलजीबी मेला शुरू हो गया। स्थायी झूलापुल बन जाने के कारण इस बार महाकाली में अस्थायी पुल नहीं बनाया गया था। इस कारण लोगों के आवागमन के लिए नए पुल को खोलना मजबूरी हो गई। बताया गया है कि अब नेपाल सरकार तकनीकी टीम का सर्वे होने और हैंडओवर की प्रक्रिया पूरी होने तक पुल से आवागमन बंद कर देगा। धारचूला के एसडीएम पारितोष वर्मा ने बताया कि नेपाल सरकार की तकनीकी टीम पहले पुल का सर्वे करेगी और हैंडओवर की प्रक्रिया पूरी करेगी। यह प्रक्रिया पूरी होने तक पुल से आवागमन बंद रहेगा।