न्यायिक मजिस्ट्रेट नेहा कय्यूम की अदालत ने एक वन्य जीव तस्कर को तीन साल के कठोर कारावास और दस हजार रुपए के जुर्माने की सजा सुनाई है। आरोपी के कब्जे से 24 नवंबर 2014 को तेंदुए की साढ़े दस किलो हड्डियां बरामद हुई थी।
जिला शासकीय अधिवक्ता पृथ्वीराज सिंह बनकोटी ने बताया कि मुखबिर की सूचना पर पुलिस के एसओजी प्रभारी शिशुपाल राणा ने पिथौरागढ़-घाट मार्ग पर गंगोलीहाट के डम्डे गांव निवासी पप्पू प्रसाद को तेंदुए की हड्डियों के साथ पकड़ा था। यह हड्डियां चार अलग-अलग थैलों में रखी गई थी। आरोपी को तत्काल गिरफ्तार किया गया।
इस मामले में अदालत में एसओजी प्रभारी शिशुपाल राणा, वन विभाग के रेंज अधिकारी बालम सिंह अलमिया, वन रक्षक तेज सिंह और विवेचना अधिकारी अनिल कुमार श्रीवास्तव को पेश किया गया। बरामद हड्डियों को परीक्षण के लिए भारतीय वन्य जीव संस्थान भेजा गया। वहां से हड्डियों के तेंदुए के होने की पुष्टि हुई। अदालत ने शनिवार को आरोपी पप्पू प्रसाद को सजा सुना दी।