जौलजीबी मेले में सजी तिब्बती सामान की दुकान
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ऐतिहासिक और व्यापारिक महत्व के जौलजीबी मेले में तिब्बत से आयात किए गए सामान की खपत बढ़ने लगी है। तिब्बत से इस बार सीमांत के व्यापारी करीब पांच करोड़ रुपये मूल्य का सामान लेकर आए हैं। इसमें से अधिकांश सामान जौलजीबी मेले में बेचने के लिए लाया गया है। मेले में मुख्य रूप से रेडीमेड कपड़े, प्लास्टिक और रबर के जूते, खिलौने आदि सामग्री शामिल है।
बताया गया कि यह सामान ज्यादा आकर्षक और कम कीमत वाला है। व्यापारियों का कहना है कि इस सामान को वह तिब्बत की मंडी तकलाकोट से लाए हैं। इसके अलावा ऊनी कंबल, रजाइयों की बिक्री भी बढ़ी है। जौलजीबी मेले में बाहरी जिलों के लोग खरीदारी के लिए जाते हैं। कुछ लोग तो ऐसे होते हैं जो सालभर के लिए कपड़ों की खरीदारी जौलजीबी मेले में ही करते हैं। व्यापारी दिनेश गर्ब्याल, चकर सिंह ने बताया कि इस मेले में लोगों को बेहतर सामग्री मिल जाती है और कीमत भी ज्यादा नहीं होती। अच्छी बिक्री होने पर व्यापारियों को भी फायदा हो जाता है।
जौलजीबी मेले में तिब्बती सामान की दुकानें 30 नवंबर लगेंगी। इन दिनों दुकानों में भीड़ बढ़ रही है और बड़ी संख्या में लोग पहुंच रहे हैं। व्यापारियों का कहना है कि जौलजीबी मेले में तिब्बती सामान का अपना अलग आकर्षण है। तिब्बत से आयात किए गए इस सामान का यहां कोई विरोध भी नहीं होता।