अनशनकारियों को अस्पताल ले जाते चिकित्साकर्मी
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खुले आसमान के नीचे 10 दिन से सड़क की मांग को लेकर क्रमिक अनशन चला रहे संघर्ष समिति के अध्यक्ष दिवाकर रावल, नरेश रावल, दीपक रावल की तबियत बिगड़ गई। यह तीनों बुधवार को क्रमिक अनशन पर बैठे थे। बृहस्पतिवार सुबह तीनों को 108 वाहन से अस्पताल में भर्ती किया गया है। दसवें दिन आंदोलनकारियों ने मौन व्रत रखकर विरोध जताया।
क्षेत्रीय संघर्ष समिति चामाचौड़, पाताल भुवनेश्वर, चौड़मन्या के नेतृत्व में 28 जून से जिला मुख्यालय में क्षेत्र की दो सड़कों के निर्माण के लिए आंदोलन चल रहा है। लोग 100 किमी दूर बेड़ीनाग तहसील के चामाचौड़, गनौरा, चौखुना, मनगढ़, सेला, सिमायल, नानीशीतला क्षेत्र से जिला मुख्यालय आकर क्रमिक अनशन में बैठे हैं। दिन-रात 24 घंटे तक एक दल अनशन में बैठता है। फिर दूसरे दिन 24 घंटे के लिए कोई और लोग क्रमिक अनशन में बैठ रहे हैं। वहीं, संघर्ष समिति के अध्यक्ष ने कहा कि आंदोलनकारियों को अस्पताल में भी मुफ्त इलाज नहीं मिल पा रहा है।
उन लोगों से अस्पताल प्रशासन ने एडमिट चार्ज ले लिया। क्रमिक अनशन में विक्की दशौनी, दीपक रावल बैठे। कुंवर सिंह, नरेश रावल, रवि दशौनी, राजेंद्र सिंह, पंकज रावल, प्रवीण रावल, गौरव जोशी, विमल धामी, हर्षवर्धन जोशी, बलवंत सिंह ने धरना दिया।