धारचूला से सिर्खा के लिए रवाना होता कैलाश यात्रियों का दूसरा दल
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कैलाश मानसरोवर यात्रियों का 47 सदस्यीय दूसरा दल रविवार को पहले पैदल पड़ाव सिर्खा पहुंच गया है। इस दल के साथ पशु चिकित्सकों की टीम भी गई है। यात्रियों को कठिन रास्तों से ले जाने के लिए घोड़ों से सफर कराया जाता है। घोड़ों को किसी प्रकार की बीमारी न हो इसे देखते हुए पशुपालन विभाग ने डॉक्टरों की टीम तैनात कर दी है। यह टीम नारायणआश्रम में घोड़ों के स्वास्थ्य का परीक्षण करेगी।
मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डा. जीएस धामी ने जिलाधिकारी सी रविशंकर के आदेश पर यह व्यवस्था की है। पशु चिकित्सक डा. राजेश पाठक के नेतृत्व में रमेश कुटियाल, अमित सिंह, फार्मेसिस्ट महेंद्र सिंह रविवार को नारायणआश्रम को रवाना हुए। यह टीम गुंजी तक जाएगी और घोड़ों का स्वास्थ्य परीक्षण करेगी। कैलाश यात्रियों के दूसरे दल को नारायणआश्रम तक पहुंचाने के लिए यात्राधिकारी रमेश चंद्र जोशी और पर्यटक आवासगृह के प्रबंधक दीवान सिंह बिष्ट गए। राजस्थान के ब्यावर निवासी रितेश गुप्ता और नीलू गुप्ता इस दल में शामिल हैं। साधु कैलाश नाथ पांचवीं बार कैलाश दर्शन को जा रहे हैं। दल में शामिल उत्तराखंड के हल्द्वानी निवासी यात्री नीरज मिश्रा ने कहा कि सरकार को यात्रियों को शुल्क में सब्सिडी की सुविधा देनी चाहिए।
यात्रियों के स्वागत में शनिवार की रात प्रजापति ब्रह्मकुमारी संस्था ने भजन, कीर्तन का आयोजन किया। यात्रियों को धार्मिक पुस्तकें भेंट की। यात्रियों के स्वागत के समय सरस्वती खुन्नू, पावर सिंह बिष्ट, पूरन चंद, कपिल कुमार आदि थे। यात्री दल के साथ एसडीआरएफ के हेड कांस्टेबल मंगल सिंह भाकुनी के नेतृत्व में पांच सदस्यीय दल भी रवाना हुआ। एसडीआरएफ के जवान गुंजी तक जाएंगे। पहली बार यात्रा पर जा रही चित्रा जोशी समेत अन्य यात्रियों में अपार उत्साह देखा गया।