क्वीटी अस्पताल में प्रदर्शन करते डॉक्टर के स्थानांतरण से आक्रोशित क्षेत्र के लोग। संवाद
नाचनी (पिथौरागढ़)। 20 गांवों के ग्रामीणों के इलाज की जिम्मेदारी संभालने वाले क्वीटी स्वास्थ्य केंद्र में तैनात एकमात्र डॉक्टर का बगैर प्रतिस्थानी स्थानांतरण कर दिया गया। इससे आक्रोशित क्षेत्र के लोगों ने अस्पताल पहुंचकर स्वास्थ्य विभाग और सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया। ग्रामीणों ने कहा कि बगैर प्रतिस्थानी के आए डॉक्टर का स्थानांतरण किया गया तो आंदोलन किया जाएगा।
क्वीटी स्वास्थ्य केंद्र में तैनात एकमात्र डॉक्टर के बगैर प्रतिस्थानी स्थानांतरण करने की सूचना मिलते ही सोमवार को गिरगांव, होकरा, समकोट, नामिक सहित 20 गांवों के ग्रामीण अस्पताल पहुंच गए और नारेबाजी शुरू कर दी। उन्होंने कहा कि एकमात्र चिकित्सक के भरोसे क्षेत्र की 10 हजार से अधिक की आबादी है। बगैर प्रतिस्थानी चिकित्सक का स्थानांतरण कर क्षेत्र के लोगों की दिक्कत बढ़ा दी गई है।
ग्रामीणों ने कहा कि पहले से ही पहाड़ों के अस्पताल डॉक्टर विहीन हैं। सरकार इन अस्पतालों में चिकित्सकों की तैनाती नहीं कर पा रही है। यहां तैनात चिकित्सकों का भी स्थानांतरण कर दिया जा रहा है। इस दौरान लोगों ने सरकार के खिलाफ भी जमकर नारेबाजी की। बाद में आक्रोशित लोगों ने जिला मुख्यालय पहुंचकर चिकित्सक का स्थानांतरण रोकने की मांग करते हुए सीएमओ डॉ. जेएस नबियाल को ज्ञापन सौंपा। चेतावनी दी कि यदि बगैर प्रतिस्थानी के चिकित्सक को अस्पताल से हटाया गया तो उग्र आंदोलन किया जाएगा।
प्रदर्शन करने वालों में उमेश, कुलदीप सिंह, बहादुर सिंह, कुंदन सिंह, राकेश द्विवेदी, हरीश कुमार सहित कई लोग शामिल रहे। इधर, सीएमओ डॉ. जेएस नबियाल ने संबंधित चिकित्सक को बगैर प्रतिस्थानी अन्यत्र न भेजने का आश्वासन दिया है।