चंपावत। जिले के सतत, सुनियोजित और सुव्यवस्थित विकास को ध्यान में रखते हुए नगर एवं ग्राम नियोजन विभाग ने चंपावत और लोहाघाट महायोजना 2041 तैयार कर ली है। महायोजनाओं को अंतिम रूप देने से पहले विभाग की ओर से आम जनता, जनप्रतिनिधियों और संबंधित विभागों से आपत्तियां और सुझाव आमंत्रित किए गए हैं।
जनपद के विभिन्न महत्वपूर्ण स्थलों पर महायोजना प्रदर्शनी का आयोजन किया जा रहा है। सर्व साधारण दिनांक 30 जून से 31 जुलाई 2026 तक अपने बहुमूल्य सुझाव और आपत्तियां दर्ज करा सकते हैं। महायोजना-2041 के तहत चंपावत नगर सहित चौड़ासेठी, डड़ाबिष्ट, ढकना बडोला, डुंगरासेठी, जूप पटवा, कनलगांव, खर्ककार्की, कुलेठी, तल्ली मादली, मल्ली मादली, मांजगांव, नघान, पल्सों, पुनेठी, शक्तिपुर, त्यारकुड़ा, सेलाखोला, चौकी, फुंगर, सिलिंगटाक, नगरगांव, लटोली, लिस्ता, कफलांग, चैकुनी बोरा, चैकुनी पांंडे, राकड़ीफुलारा, बाजरीकोट, चनई और मुड़ियानी गांवों को सम्मिलित किया गया है। योजना का प्रारूप अवलोकन कार्यालय जिलाधिकारी चंपावत, कार्यालय नगर पालिका परिषद चंपावत और तहसील कार्यालय चंपावत में उपलब्ध रहेगा। इसके अलावा लोहाघाट महायोजना के प्रारूप में लोहाघाट नगर के साथ ही कलीगांव, कोलीढेक, पाटन-पाटनी और पाऊ गांवों को शामिल किया गया है। लोहाघाट क्षेत्र के नागरिक इस महायोजना के मानचित्र प्रारूप का अवलोकन कार्यालय जिलाधिकारी चंपावत, तहसील कार्यालय लोहाघाट, कार्यालय नगर पालिका परिषद लोहाघाट और कार्यालय विकास खंड लोहाघाट में कर सकते हैं।