मिलम दौरे से लौटे कुमाऊं कमिश्नर डी सेंथिल पांडियन ने कहा कि उच्च हिमालयी क्षेत्र के बिजली विहीन इलाकों को यूपीसीएल सोलर सिस्टम से रोशन करेगा। उन्होंने अगले कुछ साल में मिलम तक सड़क पहुंचने की संभावना जताई है। कमिश्नर ने बोग्ड्यार ट्रैकिंग रूट को असुविधाजनक पाया और ट्रैकिंग रूट को नए सिरे से बनाने के निर्देश जारी किए। कमिश्नर ने ग्रामीण इलाकों तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाने की मंशा जाहिर करते हुए कहा कि स्वास्थ्य, शिक्षा, बिजली, पानी उपलब्ध कराने की दिशा में काम होगा।
शुक्रवार सुबह हेलीकॉप्टर से मिलम से पिथौरागढ़ लौटे कमिश्नर ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि यूपीसीएल बिजली विहीन हिमालयी क्षेत्र के लोगों को सोलर लाइट के कनेक्शन देगा। धारचूला के व्यास और दारमा में सोलर लाइटिंग का काम चल रहा है। जल्द ही जोहार (मुनस्यारी) क्षेत्र में सोलर लाइटिंग का काम प्रारंभ होगा। कमिश्नर ने वर्ष 2013 की आपदा के बाद नैनसिंह टॉप से बोग्ड्यार तक बने ट्रैकिंग रूट के अलाइमेंट को असुविधाजनक पाया है। कमिश्नर ने कहा गोरी नदी के किनारे-किनारे ट्रैकिंग रूट बनाने के निर्देश दे दिए गए हैं। बताया कि 2013 की आपदा से पहले नदी के किनारे ट्रैकिंग रूट था। नए ट्रैकिंग रूट के लिए 25 लाख रुपए स्वीकृत हैं। पांडियन ने कहा कि मिलम क्षेत्र में ट्रैकिंग रूट, हट, साइन बोर्ड आदि के निर्माण के लिए एशियन डेवलपमेंट बैंक की इकाई को 10 करोड़ रुपए दिए गए हैं। यह काम प्राथमिकता से कराए जाएंगे।
कुमाऊं आयुक्त ने मिलम मोटर मार्ग की प्रगति की जानकारी देते हुए बताया कि मुनस्यारी से चिलधार तक 13 किमी सड़क बन गई है। रिलकोट से मिलम तक 18 किमी सड़क बनी है। इस हिस्से में बीआरओ के वाहन चलते हैं। लीलम से बोग्डयार तक 22 किमी सड़क के टेंडर हो गए हैं। दो साल में बोग्ड्यार तक सड़क पहुंचने की उम्मीद है। कमिश्नर ने मिलम यात्रा के दौरान मिलम के लोगों की समस्या सुनने के साथ ही रिलकोट में आईटीबीपी के अधिकारियों, जवानों से भी मुलाकात की। वार्ता में जिलाधिकारी रंजीत सिन्हा, पुलिस अधीक्षक अजय जोशी, सीडीओ आशीष कुमार चौहान, एसडीएम सदर संतोष कुमार पांडे मौजूद थे।
मुनस्यारी अस्पताल की जांच के लिए बनेगी कमेटी
कुमाऊं आयुक्त डी सेंथिल पांडियन ने बताया कि मुनस्यारी के पीपीपी मोड के अस्पताल के क्रियाकलापों की जांच के लिए डीएम जांच कमेटी का गठन करेंगेे। जांच कमेटी यह देखेगी कि अस्पताल में अनुबंध के अनुसार काम हो रहा है या नहीं।
जल्द शुरू होगा मेडिकल कॉलेज का काम
कुमाऊं कमिश्नर डी सेंथिल पांडियन के पास प्रदेश के स्वास्थ्य शिक्षा सचिव का दायित्व भी है। उन्होंने बताया कि पिथौरागढ़ में घोषित मेडिकल कॉलेज का काम जल्द शुरू हो जाएगा। मुख्यमंत्री ने इसके आदेश जारी किए हैं। मेडिकल कॉलेज के लिए जमीन का चयन हो गया है। बजट अवमुक्त होना है। बता दें कि मुख्यमंत्री हरीश रावत ने वर्ष 2014 में पिथौरागढ़ में मेडिकल कॉलेज की स्थापना की घोषणा की थी।
संचार असुविधा से जूझे कमिश्नर
मिलम से लौटे कुमाऊं कमिश्नर ने कहा कि लीलम तक मोबाइल के हल्के सिग्नल थे। वहां से आगे संचार सुविधा नहीं है। रिलकोट में आईटीबीपी के कैंप में सेटेलाइट फोन सेवा काम करती है। उन्होंने संचार के अभाव में होने वाली दिक्कतों को स्वीकारते हुए कहा कि सीमांत की संचार व्यवस्था को पुख्ता करने की दिशा में काम किया जाएगा। संचार असुविधा का मामला भारत सरकार के सामने उठाया जाएगा। बीएडीपी मद से विभिन्न स्थानों पर सेटेलाइट फोन उपलब्ध कराने का प्रस्ताव रखा जाएगा।