संचार सुविधा से वंचित 69 मतदान केंद्रों में 13 फरवरी की शाम से वायरलेस सेट काम करने लग जाएंगे। इनके अलावा 142 सेक्टर मजिस्ट्रेट, जोनल मजिस्ट्रेट, पुलिस जोनल मजिस्ट्रेट के वाहनों में भी यह सुविधा रहेगी। फ्लाइंग स्कॉट, चुनाव कंट्रोल रूम, स्ट्रांग रूम में भी वायरलेस सेट स्थापित कर दिए गए हैं। कुल 380 वायरलेस सेट चुनावों के दौरान सूचनाओं को संग्रह करने के लिए लगाए जा रहे हैं।
पुलिस अधीक्षक अजय जोशी के निर्देश पर पुलिस के संचार विभाग द्वारा यह काम किया जा रहा है। पुलिस कार्यालय के रेडियो निरीक्षक आरआर आर्या ने बताया कि कुछ वायरलेस सेट रिजर्व में भी रखे जाएंगे। उन्होंने कहा कि वायरलेस से संदेश पहुंचाने के लिए 22 स्थानों पर रिपीटर लगाए जाएंगे। मुख्य रिपीटर चंडाक में स्थापित होगा। उन्होंने बताया कि चुनाव के दिन समय पर सूचनाओं को एकत्र करना पहली वरीयता रहती है। यदि किसी कारण संचार कंपनियों की सेवाओं में कोई गड़बड़ी आती है तो वायरलेस सेट से समय पर सूचनाओं का आदान-प्रदान होने लगेगा। 12 फरवरी को धारचूला की 18 पोलिंग पार्टियों की रवानगी है, उसी दिन से सेक्टर मजिस्ट्रेट के वायरलेस सेट काम करने लग जाएंगे।
धारचूला में संचार की स्थिति खराब
धारचूला। धारचूला की संचार सेवाएं चुनाव के समय मुसीबत खड़ी करेंगी। बृहस्पतिवार को भी दोपहर तक बीएसएनएल की सेवाएं ठप रहीं। धारचूला नगर से आगे को बीएसएनएल की कोई कनेक्टिविटी नहीं है। धारचूला नगर की संचार सेवा कब ठप हो जाए, पता नहीं रहता।
नेपाल सीमा पर भी संचार का संकट
झूलाघाट। नेपाल सीमा से सटे मतदान केंद्रों में भी चुनाव के दिन वायरलेस सेट स्थापित करने पड़ेंगे। महाकाली के किनारे के गांवों और उस इलाके के मतदान केंद्रों में किसी प्रकार की संचार सेवा नहीं है। कुछ स्थानों पर ही बीएसएनएल के सिग्नल पकड़ते हैं।