सुरिंगगाड़ में बन रही लघु जल विद्युत परियोजना स्थल तक पहुंचने के लिए सड़क का निर्माण कर रहे ठेकेदार के खिलाफ तल्ला दुम्मर के प्रधान पंकज सिंह बृजवाल ने मुनस्यारी थाने में रिपोर्ट दर्ज करा दी है। प्रधान का आरोप है कि सड़क निर्माण के समय भारी विस्फोटकों का इस्तेमाल किया जा रहा है। विस्फोट के दौरान निकले मलबे की चपेट में आकर 11 दिसंबर को गांव के बालाराम का मकान ध्वस्त हो गया। बार-बार कहने पर भी विस्फोटकों का प्रयोग बंद नहीं किया गया है। इस कारण पूरा गांव दहशत में है। लोगों के जानमाल का खतरा हो गया है।
ग्राम प्रधान का कहना है कि तल्लादुम्मर गांव आपदा प्रभावित है। 2013 की आपदा के समय गांव में कई मकानों को नुकसान पहुंचा था। सुरिंगगाड़ तक सड़क ले जाने के लिए गांव के लोगों की सहमति नहीं ली गई। जबर्दस्ती सड़क का कटान करने से ग्रामीणों की जमीन को नुकसान पहुंच रहा है। उन्होंने पुलिस को सौंपी रिपोर्ट में उल्लेख किया है कि जिस तरह से ठेकेदार तथा उसके मजदूर सड़क का निर्माण कर रहे हैं उससे कभी जानमाल का गंभीर खतरा हो सकता है।
थाना प्रभारी ने प्रधान की ओर से लिखाई गई रिपोर्ट दर्ज कर ली है और जांच के लिए टीम भेज दी है। कहा है कि मौका मुआयना करने के बाद ही अगली कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। यहां बता दें कि सुरिंगगाड़ के लिए सड़क निर्माण के दौरान कई बार ग्रामीणों और मजदूरों के बीच तकरार हो चुकी है। प्रशासन ने अब तक इस मामले में कोई हस्तक्षेप नहीं किया है। तल्लादुम्मर के लोग सड़क निर्माण के दौरान निकलने वाले मलबे के निस्तारण की भी मांग कर रहे हैं।