नाचनी-बांसबगड़ सड़क से बाइक निकालते लोग।
- फोटो : PITHORAGARH
भारी बारिश के चलते डरे-सहमे रसियाबगड़, कोट्यूड़ा, तल्ला भैसकोट, बोरागांव, बारातोली गांवों के ग्रामीण रात भर जागते रहे।
तल्ला भैंसकोट के प्रभावित भगत सिंह बृहस्पतिवार शाम राहत शिविर में जाते समय दस मीटर खाई में गिर गए। ग्रामीणों ने उन्हें खाई से निकाला। रात में बारिश होने और रास्ते बंद होने के कारण उन्हें अस्पताल नहीं ले जाया जा सका। शुक्रवार सुबह ग्रामीण उन्हें डोली में तल्ला भैंसकोट से नाचनी तक दस किमी पैदल लाए।
डॉ. हीरा सिंह ने आंतरिक चोट बताते हुए उन्हें हायर सेंटर ले जाने की सलाह दी। बारिश से थल-मुनस्यारी सड़क, रातिगाड़, नया बस्ती और फलयाती में बंद है। आंतरिक सड़कों पर बांसबगड़, कोटा पन्द्रहपाला, धामीगांव, गुटी, राया बजेता, मल्ला भैंसकोट, होकरा-नापड़ बंद हो गई हैं। रातिगाड़ के पास सड़क बृहस्पतिवार की रात 10 बजे बंद हो गई। सड़कें बंद होने से ग्रामीणों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
लोनिवि के अवर अभियंता विनीत सैनी ने बताया थल-मुनस्यारी सड़क हल्के वाहनों के लिए खोलने का प्रयास किया जा रहा है। नया बस्ती के पास 50 मीटर सड़क में दरारें आ गई है। पहाड़ी काटकर सड़क बनाने का प्रयास किया जा रहा है। इसमें भी गट घोरगाड़ी के ग्रामीण पहाड़ी काटने का विरोध कर रहे हैं। ग्रामीणों को पहाड़ी कटने से गांव के दरकने का भय बना हुआ है।