पिथौरागढ़ के भाटकोट रोड पर खड़ा कैंटर इसकी चपेट में आने से मजदूर की मौत हुई। संवाद
पिथौरागढ़। सीमांत जिले में फिर से बदहाल स्वास्थ्य व्यवस्थाओं ने एक मजदूर की जान ले ली। ट्रक से कुचलने के बाद गंभीर रूप से घायल मजदूर को जिले के सबसे बड़े अस्पताल में उचित इलाज नहीं मिल सका। ट्रामा सेंटर न होने से उसे हायर सेंटर रेफर करना चिकित्सकों की मजबूरी था। हायर सेंटर पहुंचने से पहले की रास्ते में उसकी मौत हो गई। पुलिस ने पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंपा और संबंधित कैंटर चालक के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की है।
नगर के भाटकोट रोड पर अनियंत्रित कैंटर के टायर में दबकर नेपाली मजदूर 40 वर्षीय गोपाल गंभीर रूप से घायल हो गया। उसे जिला अस्पताल पहुंचाया गया। उसकी गंभीर हालत को देखते हुए चिकित्सकों ने उसे हायर सेंटर रेफर कर दिया। परिजन उसे हल्द्वानी ले जा रहे थे। देर रात लोहाघाट के बाराकोट में उसकी मौत हो गई। परिजन उसके शव को वापस लाए। दूसरे दिन शनिवार को शव का पोस्टमार्टम कर परिजनों को सौंप दिया।
लंबे समय से चल रही ट्रामा सेंटर की मांग
जिले में दुर्घटना में घायलों की जान बचाने के लिए लंबे समय से ट्रामा सेंटर की मांग की जा रही है। कुछ वर्ष पूर्व गंगोलीहाट में ट्रामा सेंटर खोलने की स्वीकृति भी मिली। यह मामला कुछ समय बाद ही खटाई में पड़ गया और ट्रामा सेंटर खोलने से हाथ पीछे खींच लिए। बीते वर्ष जिला अस्पताल के पास लोनिवि कार्यालय की जमीन पर ट्रामा सेंटर खोलने के दावे हुए। समय के साथ ये दावे भी परवान नहीं चढ़ सके। जिले में ट्रामा सेंटर होता तो घायल मजदूर की जान बच सकती थी।
मदद करने की चालक को चुकानी पड़ी कीमत
घटना के अनुसार घाट निवासी चालक शेर सिंह सामान से लदा अपना कैंटर लेकर जिला अस्पताल के पास पहुंचा। पुलिस के मुताबिक कैंटर में कुछ खराबी आने से उसके ब्रेक नहीं लग रहे थे। ऐसे में कैंटर अनियंत्रित होकर कई वाहनों में तोड़फोड़ करते हुए आगे बढ़ा। सहकारी बैंक के पास पहुंचते ही कैंटर रुक गया इससे दोनों तरफ जाम लग गया। सिल्थाम चौकी से पहुंचे पुलिस कर्मियों ने कैंटर हटाने की बात चालक से की तो उसने खराबी का हवाला दिया। पुलिस कर्मियों ने पास में खड़े अन्य कैंटर के चालक बरेली निवासी अन्ने लाल से जाम का कारण बने कैंटर को हटाने को कहा। पुलिस कर्मियों के आदेश के बाद जाम में फंसे लोगों की मदद के लिए वह आगे आया। जैसे ही उसने कैंटर स्टार्ट की तो ब्रेक नहीं लगे और वह तेज रफ्तार आगे बढ़ गया। अनियंत्रित कैंटर को चालक ने भाटकोट रोड पहुंचाकर बमुश्किल रोका लेकिन वहां मौजूद मजदूर इसकी चपेट में आ गया। घटना के बाद संबंधित कैंटर चालक को वहां मौजूद लोगों ने बुरी तरह पीट भी दिया। एसआई ललित डंगवाल ने कहा कि जाम का कारण बन रहे कैंटर को हटाने के लिए पुलिस कर्मियों ने चालक अन्ने लाल का सहारा लिया। ब्रेक न लगने से यह घटना घट गई।
कोट
कैंटर की चपेट में आने वाले घायल मजदूर की हायर सेंटर ले जाते समय मौत हो गई। शव का पोस्टमार्टम कर परिजनों को सौंप दिया गया। संबंधित चालक के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है। घटना की जांच की जा रही है। - गोविंद बल्लभ जोशी, सीओ, पिथौरागढ़