पिथौरागढ़। बारिश थमने पर जनपद की लाइफ लाइन टनकपुर-पिथौरागढ़ ऑलवेदर रोड पर 44 घंटे बाद रविवार अपराह्न में यातायात बहाल हो सका। इससे मार्ग पर फंसे मालवाहक और यात्री वाहन आ-जा सके और जिला मुख्यालय में जरूरी सामान आपूर्ति बहाल हो सकी। पिथौरागढ़ से टनकपुर-चंपावत और हल्द्वानी-अल्मोड़ा के लिए वाहनों की आवाजाही शुरू होने पर लोगों ने राहत की सांस ली। दूसरी तरफ आदि कैलाश को जोड़ने वाली व्यास का संपर्क दूसरे दिन भी बहाल नहीं हो सका, जबकि दारमा और चौंदास घाटी के लिए रविवार शाम यातायात बहाल कर दिया गया।
ऑलवेदर रोड पर घाट-पिथौरागढ़ के बीच घाट बैंड में बीते बृहस्पतिवार से बोल्डर और मलबा गिरना शुरू हुआ, दो दिन तक रुक-रुक कर यातायात संचालित किया गया। इस दौरान कई घंटे लोग फंसे रहे लेकिन शुक्रवार शाम से बारिश शुरू हुई और लगातार भूस्खलन से यातायात पूरी तरह ठप हो गया।
शनिवार को यात्री और मालवाहक वाहन दिनभर फंसे रहे। भारी बारिश के बीच मलबा नहीं हटाया जा सका। रविवार सुबह नौ बजे तक यही स्थिति बनी रही। बारिश थमी तो घाट बैंड में दोनों ओर से जेसीबी लगाकर मलबा और बोल्डर हटाए गए और अपराह्न करीब तीन बजे नेशनल हाईवे पर यातायात बहाल हो सका।
पेट्रोल पंप और फल-सब्जी पर दिखा रोड बंद का असर
पिथौरागढ़। पिछले कुछ दिन से ऑल वेदर रोड बंद रहने से रविवार को जिला मुख्यालय में फल-सब्जी सहित पेट्रोल-डीजल की आपूर्ति लड़खड़ाई नजर आई। नगर के दो पंप पर तेल समाप्ति के बोर्ड टंग गए थे जबकि कुछ अन्य पर तेल भराने के लिए लंबी लाइन लगती रही। टकाना में फल-सब्जी विक्रेता नीरज ने बताया कि आपूर्ति बाधित होने से टमाटर और कुछ फल खत्म होने को हैं जिससे ग्राहक निराश लौट रहे हैं।
दारमा-चौंदास घाटी रोड खुली, आदि कैलाश-व्यास घाटी बंद
धारचूला (पिथौरागढ़)। शुक्रवार शाम से जारी बारिश से बंद हुआ आदि कैलाश यात्रा मार्ग पर रविवार को भी यातायात बहाल नहीं हो सका। रविवार को बीआरओ ने कुलागाड़, मलघाट, गस्कू और गरमपानी में आए मलबा-बोल्डर को हटाकर यातायात सुचारु किया लेकिन आदि कैलाश मार्ग पर एस बैंड में करीब 10 मीटर सड़क ध्वस्त हो गई। इस मार्ग पर छियालेक से गर्ब्यांग और नपलच्यू के बीच बोल्डर और कीचड़ से रविवार दिनभर आवाजाही बंद रही।
इससे करीब 400 आदि कैलाश यात्री गुंजी, नपल्च्यू, नाभिढांग आदि सुरक्षित जगहों पर फंसे हुए हैं। वहीं 150 से अधिक यात्री धारचूला में रुके हैं। एस बैंड ध्वस्त होने से सोमवार तक फंसे यात्रियों की संख्या में और इजाफा होने की संभावना है। प्रशासन ने जरूरी होने पर वाहनों से आवाजाही करने की अपील की है।
बीआरओ की 65 आरसीसी ग्रेफ ने बताया कि सड़क खोलने का काम शुरू कर दिया है। मौसम खुलने पर सोमवार शाम तक हल्के वाहनों की आवाजाही शुरू होने की उम्मीद है। वहीं पिछले 48 घंटे से तहसील मुख्यालय से कटे रहे दारमा और चौंदास घाटी का संपर्क रविवार को बहाल हो गया। थाना पांगला के हेड कांस्टेबल सोबन सिंह बनग्याल ने बताया कि मौसम में सुधार के बाद रविवार को सड़क खोल दी गई, जिससे दोनों घाटियों के ग्रामीणों ने राहत की सांस ली है।