आदि कैलाश दर्शन के लिए आने वाले यात्रियों की बढ़ती संख्या को देखते हुए प्रशासन ने अब इनर लाइन परमिट की अवधि 15 दिन से घटाकर चार दिन कर दी है। यह व्यवस्था सोमवार से ही जारी कर दी गई है। दो मई से अब तक 4,685 इनर लाइन परमिट जारी किए जा चुके हैं।
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धारचूला के एसडीएम मनजीत सिंह के मुताबिक तहसील से 300 परमिट प्रतिदिन जारी किए जा रहे हैं। अब तक इनर लाइन परमिट की अवधि 15 दिन के लिए होती थी लेकिन पर्यटकों की संख्या बढ़ने से अब प्रशासन ने इसकी अवधि चार दिन कर दी है। इससे पर्यटक जल्द ही दर्शन कर लौट आएंगे और वहां पर भीड़ नहीं रहेगी। बताया कि ओम पर्वत और आदि कैलाश यात्रियों को छियालेख से आगे जाने के लिए इनर लाइन परमिट की जरूरत होती है। 14,000 फुट की ऊंचाई पर ऑक्सीजन की कमी से माउंटेन सिकनेस के खतरे को देखते हुए शारीरिक रूप से फिट होने का मेडिकल प्रमाणपत्र भी जरूरी है।
एक हजार लोगों के ठहरने की है क्षमता
धारचूला से आदि कैलाश की दूरी 112 किलोमीटर है। व्यास घाटी में लगभग सभी गांवों में होम स्टे हैं। नपल्च्यू, गुंजी, नाभि और कुटी में एक हजार लोगों के ठहरने की व्यवस्था है। कुमाऊं मंडल विकास निगम के अपने आवास गृह बने हुए हैं। केएमवीएन अपने यात्रियों को इन्हीं आवास गृहों में ठहराता है।