पिथौरागढ़/डीडीहाट। कैलाश मानसरोवर यात्रा के नौवें दल के यात्री नाभीढांग से लिपुपास होते हुए तकलाकोट पहुंच गए हैं। सातवें दल के यात्री परिक्रमा पूरी कर भारत लौट आए हैं। आठवें दल के यात्री कैलाश की परिक्रमा पर जुटे हैं। दसवां और अंतिम दल गुंजी पहुंच गया है।
केएमवीएन के यात्राधिकारी धन सिंह बिष्ट ने बताया कि मंगलवार को नौवें दल के यात्री आईटीबीपी की सुरक्षा में सुबह नाभीढांग से लिपुलेख दर्रे को रवाना हुए। आईटीबीपी जवानों ने नौ बजे उन्हें चीन प्रशासन के सुपुर्द किया।
सातवें दल के यात्रियों ने सुबह 9:30 बजे लिपुलेख दर्रा पार कर भारत में प्रवेश किया। यात्री दोपहर 12:15 बजे नाभीढांग से धारचूला की ओर रवाना हुए। इस वर्ष की यात्रा के अंतिम दसवें दल के 44 यात्री धारचूला से दोपहर एक बजे गुंजी को रवाना हुए।
इधर सोमवार को ओगला व अस्कोट के मध्य पिनोरा में दसवें दल के यात्रियों का केएमवीएन के पूर्व प्रबंधक दिनेश गुरुरानी के नेतृत्व में माल्टा का जूस पिलाकर स्वागत किया गया। यहां यात्रियों को हिमालय बचाओ की भी शपथ दिलाई गई। स्वागत करने वालों में चंदन राणा, महेश दास, सूरज गिरी, ललित कुमार, गौरव पांडे आदि शामिल रहे।