बलुवाकोट में फर्जी पाया गया राशनकार्ड
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भ्रष्टाचार के लिए चर्चित धारचूला ग्राम पंचायत में अब राशन कार्ड बनाने में फर्जीवाड़ा सामने आया है। ग्राम पंचायत में कई नेपाली नागरिकों के राशन कार्ड बनाने का खुलासा हुआ है। जांच में भी इसकी पुष्टि हुई है। कई और राशन कार्ड भी जांच के दायरे में हैं। फर्जी राशन कार्डों को निरस्त करने की कार्रवाई शुरू हो गई है। इस फर्जीवाड़े में संलिप्त पंचायत प्रतिनिधि और ग्राम पंचायत विकास अधिकारी पर भी कार्रवाई तय मानी जा रही है।
बलुवाकोट ग्राम पंचायत में भ्रष्टाचार की परतें खोलने वाले युवाओं के संगठन परिवर्तन ने पिछले दिनों विकास कार्यों में जबरदस्त धांधली का मामला जिलाधिकारी सी. रविशंकर के सामने उठाया था। जिलाधिकारी ने धारचूला के एसडीएम आरके पांडेय से मामले की जांच कराई तो इसमें लाखों का घपला उजागर हुआ था। अब एक और फर्जीवाड़े सामने आया है। परिवर्तन संगठन के धीरू भंडारी और रोहित खाती ने बलुवाकोट में नेपालियों के राशन कार्ड बनाकर भारतीय नागरिकों का हक मारने का मामला प्रमाण सहित जिलाधिकारी के सामने उठाया था।
जिलाधिकारी और मुख्य विकास अधिकारी के आदेश पर सोमवार को मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. विद्यासागर कापड़ी ने ग्राम्य विकास विभाग के अधिकारियों के साथ मौके पर राशन कार्डों की जांच की। जांच में नेपाली मूल की दो महिलाओं के नाम से राशन कार्ड बनाए जाने की पुष्टि हुई है। ग्राम पंचायत के पदाधिकारियों और ग्राम पंचायत विकास अधिकारी ने नेपाल मूल की धाना देवी पत्नी मोहन राम, बसंती देवी पत्नी रंजीत राम के राशन कार्ड बनवा दिए थे। आरोप है कि मोटी रकम लेकर दो साल पहले इनके राशन कार्ड बनाए गए हैं।
जांच अधिकारी मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. कापड़ी ने भी नेपाली मूल की दो महिलाओं के राशन कार्ड बनाए जाने की पुष्टि की है। उन्होंने कहा कि अन्य कई नेपालियों के फर्जी राशन बनाए जाने की शिकायत मिली है जिसकी पड़ताल की जाएगी। रिपोर्ट मुख्य विकास अधिकारी और जिलाधिकारी को सौंपी जा रही है।
ऑडियो में पुष्टि कर रहा ग्राम पंचायत विकास अधिकारी
पिथौरागढ़। नेपालियों के राशन कार्ड बनाने में कथित रूप से संलिप्त ग्राम पंचायत विकास अधिकारी वायरल हुए वीडियो में बलुवाकोट ग्राम पंचायत में फर्जी राशन कार्ड बनने की बात स्वीकार रहा है। उसका कहना है कि उसके फर्जी हस्ताक्षरों से राशनकार्ड बनाए गए हैं, जिन्हें निरस्त कर दिया जाएगा। परिवर्तन संगठन के रोहित खाती का कहना है कि राशन कार्डों में किए गए हस्ताक्षरों की फॉरेंसिक जांच होनी चाहिए, तब हकीकत सामने आ पाएगी।
विदेशी नागरिकों (नेपाली नागरिकों) के फर्जी राशन कार्ड बनाना गंभीर अपराध है। जांच रिपोर्ट प्राप्त होते ही जिम्मेदार अधिकारी और कर्मचारी के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जाएगा। बलुवाकोट ग्राम पंचायत में पहले भी विकास कार्यों में धांधली की पुष्टि हुई है। उस मामले में कार्रवाई के निर्देश सीडीओ को दिए गए हैं। भ्रष्टाचार में लिप्त जनप्रतिनिधि और सरकारी मुलाजिमों को भी कार्रवाई का सामना करना पड़ेगा।
-सी रविशंकर, जिलाधिकारी पिथौरागढ़