पिथौरागढ़-घाट नेशनल हाईवे घाट से लेकर मटेला तक खतरनाक बना हुआ है। लगातार चट्टानों के दरकने से बार-बार यातायात बाधित हो रहा है। सोमवार को भी मलबा आने से नेशनल हाईवे लगभग ढाई घंटे तक बंद रहा।
पिथौरागढ़-घाट नेशनल हाईवे पिछले एक सप्ताह से सीमांत के लोगों के लिए आफत बना हुआ है। मंगलवार रात पिथौरागढ़-घाट एनएच में दिल्ली बैंड के पास पहाड़ी टूटने से पूरे पांच दिनों तक इस रूट में यातायात ठप रहा था।
रविवार शाम को मलबा हटाया जा सका था। इसके बाद सोमवार सुबह यातायात सुचारु रहा। सुबह लगभग 10 बजे घाट चौकी से कुछ आगे फिर मलबा आने से हाईवे बंद हो गया। सड़क से मलबा हटाने में ढाई घंटे लगे। इस दौरान मैदानी क्षेत्रों से आने वाले निजी वाहन फंसे रहे। इस दौरान लोगों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
दिन में 12.30 बजे सड़क खुलने के बाद यातायात सुचारु हुआ। पिथौरागढ़-घाट सड़क पर मटेला बैंड से लेकर घाट तक आए दिन पहाड़ी से मलबा गिर रहा है। दिल्ली बैंड में पहाड़ी से भारी बोल्डर टूटकर गिरने से सड़क को भी काफी नुकसान हुआ है। पहाड़ी से रुक-रुककर पत्थर गिरने से लोगों के लिए खतरा बना हुआ है। यातायात लगातार बाधित रहने से राशन सहित अन्य आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति भी प्रभावित हो रही है।