मुनस्यारी और अस्कोट तहसील क्षेत्र में जमकर बरसे ओलों ने भारी नुकसान किया है। फसल के साथ सब्जियों में भी ओलों की मार पड़ी है। वहीं, धारचूला में अंधड़ के साथ आई बारिश ने जमकर तबाही मचाई।
मुनस्यारी तहसील क्षेत्र में शुक्रवार शाम हुई भारी ओलावृष्टि से सब्जियों और फलों को भारी नुकसान पहुंचा है। लोगों ने बताया कि इतनी जबर्दस्त ओलावृष्टि पहले कभी नहीं हुई थी। ओलों की मार से आलू, मिर्च, बैगन, टमाटर के पौधे टूट गए हैं। तहसील क्षेत्र के सेबिला, घोरपट्टा, बसंतकोट, उछेती, भटकुना में भारी क्षति पहुंची है। किसान प्रयाग सिंह ने बताया कि ओलों की मार से सब कुछ तबाह हो गया है। किसानों ने बताया कि इतने बड़े ओले गिरे कि पेड़ों की टहनियां तक टूट गई। एसडीएम वैभव गुप्ता ने कहा कि ओलों से हुए नुकसान का आकलन किया जाएगा।
अस्कोट के खोलियागांव के मेलखेत तोक में शुक्रवार तड़के हुई भारी ओलावृष्टि से कर्णबहादुर पाल के बगीचे में लगे सारे फल नष्ट हो गए। बगीचे में आड़ू, पुलम, खुबानी के फल लगे थे। ओलों की मार से फलों का ढेर जमीन पर लग गया है। ओलों की चोट के कारण यह फल खाने लायक नहीं रह गए हैं। किसान ने प्रशासन को इसकी जानकारी दे दी है। धारचूला तहसील के कई इलाकों में बृहस्पतिवार रात अंधड़ के साथ हुई बारिश से जमकर तबाही मची है। कई घरों में मलबा घुसने, अंधड़ से पेड़ टूटने के साथ ही पय्यांपौड़ी जाने वाली सड़क बंद हो गई है।
प्री-मानसून की बारिश में ही तबाही मचने से जिला प्रशासन सकते में आ गया है। जिलाधिकारी एचसी सेमवाल के निर्देश पर धारचूला और मुनस्यारी तहसील मुख्यालय से राजस्व विभाग की टीम मौके को रवाना हो गई है। जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी डा. आरएस राणा ने बताया कि नुकसान का जायजा मौके पर जाकर ही लिया जाएगा, ताकि वास्तविक प्रभावित को ही मुआवजा मिल सके। धारचूला के एसडीएम एसके पांडे और मुनस्यारी के एसडीएम वैभव गुप्ता क्षति का जायजा लेने रवाना हो गए हैं।
गोठानी से पय्यांपौड़ी तक सड़क तीन जगह बंद
धारचूला। बलुवाकोट से पय्यांपौड़ी जाने वाली सड़क गोठानी से लेकर पय्यांपौड़ी के बीच तीन जगह मलबे से पट गई है। इस कारण वाहनों की आवाजाही बंद है। पय्यांपौड़ी और गोठानी में पेयजल योजनाएं ध्वस्त हो गई हैं। थौड़ा पेयजल योजना भी मलबा आने से बंद हो गई है। बलुवाकोट में चार सिंचाई नहरें मलबे से पट गई हैं। कई घरों में पानी घुस गया है। लोग दहशत में हैं। बलुवाकोट बाजार में बृहस्पतिवार रात एक पेड़ टूटकर कार के ऊपर जा गिरा, जिससे कार क्षतिग्रस्त हो गई है। पास खड़े ट्रक को भी नुकसान पहुंचा है। पय्यापौड़ी रोड पर घटकूना पुल को भी खतरा हो गया है।
बिजली गिरने से गलाती में 20 बकरियां मरीं
धारचूला। तहसील के दूरस्थ गलाती गांव में बृहस्पतिवार रात बिजली गिरने से भीम सिंह की 20 बकरियां मर गई। प्रभावित ने धारचूला के तहसीलदार के माध्यम से जिला आपदा प्रबंधन विभाग को घटना की सूचना भेजी है। आपदा प्रबंधन अधिकारी डा. आरएस राणा ने बताया कि पशु चिकित्सकों की टीम को मौके पर भेजा गया है।
सिपालथौड़ स्कूल की छत पर गिरा पत्थर
धारचूला। खुमती ग्राम पंचायत के प्राथमिक विद्यालय सिपालथौड़ की छत पर पहाड़ी से टूटकर आया पत्थर गिर गया। इस कारण छत पर बड़ा छेद हो गया है। अब भवन के अंदर बरसात का पानी घुसने लगा है। इस कारण उसमें बच्चों को बैठाने में दिक्कत आएगी। ग्राम प्रधान विमला देवी और समाजसेवी गोपाल सिंह ने एसडीएम को घटना की जानकारी दे दी है।
मदकोट-चौना मार्ग का मलबा घरों में घुसा
मुनस्यारी। इस तहसील के गोलमा गांव में बृहस्पतिवार रात की बारिश के दौरान मदकोट-चौना मार्ग निर्माण के समय निकला सारा मलबा लछिमन सिंह, सीमती देवी, भगत सिंह, रमेश सिंह, चरण सिंह के घरों में घुस गया है। लोनिवि ने सड़क की कटिंग कर मलबे को सड़क किनारे जमा कर दिया था। एसडीएम के निर्देश पर राजस्व उपनिरीक्षक कमल उपाध्याय और गणेश धपवाल गोलमा गांव को रवाना हो गए हैं। ग्राम प्रधान पुष्पा मेहरा ने बताया कि यदि जल्दी मलबा नहीं हटा तो एक जून से लोनिवि के खिलाफ आंदोलन शुरू किया जाएगा।
पत्थर लगने से दो महिलाएं घायल
मुनस्यारी। तल्लाजोहार के होकरा गांव में गाय चराने के लिए गई होकरा निवासी राधा देवी (35) पत्नी राजेश सिंह और कमला देवी (43) पत्नी राजेश सिंह पहाड़ से गिरा पत्थर लगने से घायल हो गई। तहसीलदार खुशाल राम ने बताया कि दोनों को जिला अस्पताल भेज दिया गया है। होकरा के पास की एक पहाड़ी लगातार दरक रही है।