डीडीहाट पेयजल योजना के कुएं की टूटी सुरक्षा दीवार
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डीडीहाट लिफ्ट पेयजल योजना के लिए थल में रामगंगा के किनारे बनाए गए कुएं की सुरक्षा दीवार का एक हिस्सा टूट गया है। अभी योजना का काम पूरा नहीं हुआ है, लेकिन इसमें खामियां उजागर होने लगी है। विभाग के अधिकारी इस मामले में कुछ भी बोलने से बच रहे हैं। अलबत्ता विधायक विशन सिंह चुफाल ने कहा है कि सुरक्षा दीवार का ढहना गंभीर मामला है और इस मामले की जांच की जाएगी। सारा प्रकरण मुख्यमंत्री के सामने रखा जाएगा।
डीडीहाट लिफ्ट पेयजल योजना को 2012 में मंजूरी मिली। सरकार ने योजना के लिए 23 करोड़ रुपये की राशि स्वीकृत की। वर्ष 2013 से योजना के निर्माण का काम शुरू हुआ। सबसे पहले थल में रामगंगा के किनारे कुआं बनाया गया। इसी कुएं से पानी लिफ्ट कर पाइप लाइन से डीडीहाट पहुंचाने की योजना है। विभाग ने पिछले दो साल से धन की कमी बताकर योजना के निर्माण का काम रोक दिया। अब हालांकि योजना के लिए धनराशि तो मिल गई है, लेकिन योजना की खामियां भी उजागर होने लगी है। जल निगम के अधिशासी अभियंता वीके कौशिक ने कई बार फोन करने पर भी फोन नहीं उठाया। कुएं की सुरक्षा दीवार ढहने के बाद अब लोग कई तरह के सवाल उठाने लगे हैं। लोगों का मानना है कि जब योजना के शुरू होने से पहले ही खामियां आने लगी हैं तो इसके पूरा होने के बाद क्या हालत होगी अंदाजा लगाया जा सकता है।
दीवार टूटने के कारणों की जांच होगी : पंत
पिथौरागढ़। पेयजल मंत्री प्रकाश पंत ने कहा कि कुएं की दीवार टूटने के मामले की जांच होगी और इस तरह की लापरवाही पर अधिकारियों की जिम्मेदारी तय की जाएगी। देहरादून से फोन पर मंत्री ने कहा कि योजना अभी शुरू नहीं हुई है और उसमें खामियां उजागर होना शर्म की बात है। उन्होंने कहा कि इस मामले में जो भी दोषी होगा उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।