स्वाधीनता सेनानी स्वर्गीय माया राम पंत के गांव कुनल्ता को मुख्यमंत्री हरीश रावत की घोषणा के बाद भी हाईस्कूल की सुविधा नहीं मिली है। नतीजतन गांव के बच्चे कक्षा 8 के बाद स्कूल छोड़ रहे हैं। वहीं मुख्यमंत्री के विधानसभा क्षेत्र के समकोट (नाचनी) हाईस्कूल के उच्चीकरण के इंतजार में गरीब परिवार के 14 बच्चों ने अब तक अन्यत्र इंटर कॉलेज में दाखिला नहीं लिया है।
कुनल्ता की प्रधान कल्पना पंत, क्षेत्र पंचायत सदस्य दीपा देवी, गोविंद बल्लभ पंत, रमेश नियोलिया, नवीन चंद्र, किशन चंद्र नवीन लाल, हरीश राम, भैरव प्रसाद, गोपाल राम आदि ने मुख्यमंत्री हरीश रावत को अक्तूबर 2015 में धारचूला में की गई घोषणा की याद दिलाई है। कहा कि कुनल्ता जूनियर हाईस्कूल का शासनादेश अब तक जारी नहीं हुआ है। कुनल्ता में वर्ष 1961 का प्राइमरी और वर्ष 1987 का जूनियर हाईस्कूल है। इसके साथ के स्कूल इंटर कॉलेज का दर्जा पा गए हैं। कहा कि एससी बाहुल्य इस क्षेत्र में कक्षा 8 के बाद बच्चे पढ़ाई छोड़ने पर मजबूर हैं, क्योंकि कुनल्ता से अन्य हाईस्कूल की दूरी कम से कम 10 से 15 किमी है।
उधर, नाचनी के समकोट के लोगों में भी हाईस्कूल का उच्चीकरण न होने से रोष है। ग्राम प्रधान मानुली देवी, पीटीए अध्यक्ष कुंवर सिंह पंवार, क्षेत्र पंचायत सदस्य देबुली देवी ने कहा कि दो महीने पहले मुख्यमंत्री हरीश रावत ने देहरादून में गांव के लोगों को तत्काल हाईस्कूल के उच्चीकरण का शासनादेश जारी करने का आश्वासन दिया था, लेकिन अब तक शासनादेश जारी नहीं हुआ है। इंटर की कक्षाएं शुरू होने के इंतजार में बीपीएल परिवार के 14 विद्यार्थियों ने हाईस्कूल पास करने के बावजूद किसी अन्यत्र विद्यालय में प्रवेश नहीं लिया है। इन लोगों ने तत्काल कक्षाओं का संचालन कराने की मांग की है।