जिले में लगातार हो रही बारिश से कई सड़कों पर मलबा पट गया है। थल-मुनस्यारी रोड पर हरड़िया नाले का कटान तेज होने से यह मार्ग पूरे 12 घंटे बंद रहा। धारचूला-नारायणआश्रम मार्ग पर कंज्योति नाले के पास लगातार भूकटाव हो रहा है। थल-पिथौरागढ़ मार्ग पर भी कई स्थानों पर मलबा गिरने का खतरा बना है। शुक्रवार सुबह यह मार्ग चार घंटे तक बंद रहा।
जिला आपदा नियंत्रण कक्ष के अनुसार मुख्य मार्गों पर अभी यातायात सामान्य बना है। थल-मुनस्यारी सड़क की हालत बेहद खराब हो गई है। बृहस्पतिवार रात हरड़िया नाले के उफान पर आने से मार्ग पूरी तरह बह गया। लोनिवि ने शुक्रवार सुबह छह बजे से हरड़िया के पास मलबा हटाने का काम शुरू किया। नौ बजे मलबा हटने के बाद वाहनों की आवाजाही शुरू हो पाई। हरड़िया में अभी खतरा बना हुआ है। जिला आपदा नियंत्रण कक्ष से मिली जानकारी के अनुसार कंज्योति-नारायणआश्रम मार्ग बंद हो गया है। तवाघाट से कंज्योति जाने वाली सड़क छिरकिला बांध से पास बंद हो गई है। अन्य सड़कों पर भी मलबा आने का खतरा बना है, लेकिन यातायात अभी संचालित है।
हरड़िया नाले ने लील ली 100 नाली जमीन
नाचनी। हरड़िया नाले ने बृहस्पतिवार रात नया बस्ती गांव की 100 नाली जमीन को अपनी चपेट में ले लिया। खेतों से बहकर निकली सारी मिट्टी रामगंगा में समा गई है। रामगंगा में खेतों से बहकर आई मिट्टी के ढेर लग गए हैं। नया बस्ती गांव खतरे की जद में आ गया है। यहां से परिवारों को पहले ही शिफ्ट किया जा चुका है।
पाछू को जोड़ने वाला पैदल पुल बहा
मुनस्यारी। मल्ला जोहार के पाछू गांव को जोड़ने वाला पैदल पुल बह गया है। यह पुल पाछू के पास बहने वाले नाले पर बना था। लोगों को नाला पार करने में अब दिक्कत आ रही है। पाछू के लोगों का तहसील मुख्यालय से संपर्क कट गया है। पाछू से लौटकर आए घोरपटा निवासी प्रेम राम ने शुक्रवार को आपदा नियंत्रण कक्ष को इसकी जानकारी दी।
भारी बारिश का अलर्ट जारी
पिथौरागढ़। जिलाधिकारी सुशील कुमार ने मौसम विभाग से मिली जानकारी के आधार पर शुक्रवार से अगले 48 घंटे तक जिले में भारी बारिश की संभावना जताई है। डीएम ने सभी एसडीएम को निर्देश दिए हैं कि बारिश के दौरान संवेदनशील स्थानों पर विशेष सतर्कता बरती जाए। डीएम ने अग्रिम चौकियों में तैनात आईटीबीपी और एसएसबी के जवानों से भी अलर्ट रहने को कहा है।
कहां कितनी बारिश
पिथौरागढ़-21.1 एमएम
गंगोलीहाट-8 एमएम
बेड़ीनाग-12.8 एमएम
डीडीहाट-24 एमएम
मुनस्यारी-35 एमएम
धारचूला-35 एमएम
नदियां खतरे के निशान के करीब पहुंची
पिथौरागढ़। जिले में बहने वाली सभी प्रमुख नदियां खतरे के निशान के करीब पहुंच गई हैं। जिला आपदा प्रबंधन कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार शुक्रवार को धारचूला में महाकाली का जलस्तर 888.60 मीटर रहा। महाकाली का खतरे का निशान 890 मीटर पर लगा है। जौलजीबी में गोरी का जलस्तर 604.70 मीटर नापा गया। गोरी में खतरे का निशान 607.80 मीटर पर लगा है। सरयू का जलस्तर 448 मीटर रहा। सरयू का खतरे का निशान 453 मीटर पर है। सभी नदियों का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है।