अस्कोट क्षेत्र में शनिवार देर शाम हुई भारी ओलावृष्टि ने किसानों की कमर तोड़ दी है। ओलावृष्टि से फल, सब्जी को जबरदस्त नुकसान पहुंचा है।
जौरासी, अजेड़ा, ननकुड़ी, बज्यानी, जमतड़, दुर्लेख, तोलीचुफात, सीमाभाट, हेल्पिया में ओलावृष्टि सेे आम, माल्टा, आड़ू, पुलम के कच्चे फल गिर गए। कद्दू, ककड़ी की बेल नष्ट हो गई। सब्जी के पौधों को काफी नुकसान पहुंचा है। फल और सब्जी से लोगों को सीजनल रोजगार मिलता था। फल, सब्जी को नुकसान पहुंचने से किसान मायूस हैं। कांग्रेस प्रदेश सचिव प्रदीप पाल, प्रधान मोहन राम, कुंती देवी, क्षेत्र पंचायत सदस्य नंदी देवी, सैन्य प्रकोष्ठ के पूर्व ब्लॉक अध्यक्ष गंभीर सिंह खोलिया, सरपंच आनंद बल्लभ ओझा, कुंदन सिंह ने कहा कि ओलावृष्टि से फल, सब्जी नष्ट हो गई है। सरकार और प्रशासन को क्षति का आकलन कर प्रभावित फल, सब्जी उत्पादकों को मुआवजा देना चाहिए।
नाचनी से मिली जानकारी के अनुसार शनिवार शाम की ओलावृष्टि से तल्लाजोहार क्षेत्र में लीची, नीबू प्रजाति के फल नष्ट हो गए हैं। धान की नर्सरी को नुकसान पहुंचा है। नाचनी क्षेत्र में इस बार आम में काफी कम फल है। ओलावृष्टि ने अन्य फलों को काफी नुकसान पहुंचाकर फल उत्पादकों को संकट में डाल दिया है।
जौजररौली में बहे गाय और बैल
नाचनी। शनिवार की बारिश से उफनाई जाजररौली (नाला) में एक गाय और एक बैल बह गया। बताया जा रहा है कि होकरा निवासी भूपाल सिंह शनिवार शाम 4 बजे जंगल से मवेशियों को घर को ला रहे थे। जौजररौली को पार करते समय गाय और बैल बह गए। इनका अब तक कोई पता नहीं चला है। गांव के लोग गाय, बैल की खोजबीन में जुटे हैं। ग्राम प्रधान सुंदर सिंह मेहता ने आपदा प्रबंधन विभाग और पशुपालन विभाग को घटना की सूचना दी है।
होकरा और देवलथल सड़क बंद
नाचनी/कनालीछीना। बारिश से मसूरीकांठा-होकरा सड़क पर मलबा पट गया है। टकार से होकरा तक पांच किमी हिस्से में मलबा पटने से यातायात संचालन ठप हो गया है। इसके अलावा नाचनी-भैंसकोट, क्वीटी-सेंणराथी, बांसबगड़-कोटा, गिनीबैंड-समकोट, नौलड़ा-खतेड़ा सड़क पर भी कई स्थानों पर मलबा गिरा है, इससे यातायात संचालन में दिक्कत आ रही है। यात्री और वाहन संचालक मलबा हटाकर जोखिम के बीच आवागमन कर रहे हैं। कनालीछीना-देवलथल सड़क ग्वेता के पास मलबा गिरने क्षतिग्रस्त हो गई है। करीब 10 मीटर हिस्से पर सड़क ढह गई है। ग्राम प्रधान केदार सिंह सामंत ने लोनिवि के अधिकारियों को सूचना देकर सड़क की मरम्मत करने की मांग की है।