फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बंद हो चुके द्वालीसेरा स्कूल में चार बच्चों ने लिया प्रवेश

विज्ञापन
द्वालीसेरा विद्यालय में बच्चों के साथ डीईओ बेसिक और बीईओ। अमर उजाला - फोटो : PITHORAGARH
विज्ञापन
बंद हो चुके राजकीय जूनियर हाईस्कूल द्वालीसेरा के ताले फिर से खुल गए हैं। स्कूल में चार बच्चों ने प्रवेश ले लिया है। शुक्रवार को जिला शिक्षा अधिकारी बेसिक और खंड शिक्षा अधिकारी की उपस्थिति में बच्चों को प्रवेश दिलाया गया। बच्चों को पढ़ाने के लिए दो शिक्षक तैनात किए गए हैं।
विज्ञापन

बता दें कि कनालीछीना विकासखंड के दूरस्थ जूनियर हाईस्कूल द्वालीसेरा में पूर्व में 30 छात्र-छात्राएं अध्ययनरत थे। इन बच्चों को पढ़ाने के लिए दो शिक्षक तैनात थे। एक शिक्षक के नशे में विद्यालय आने की शिकायत पर विभाग ने उसे अन्यत्र संबद्ध कर दिया था। इसके बाद बच्चों की पढ़ाई का जिम्मा एक शिक्षक पर आ गया। ऐसे में छात्र संख्या धीरे-धीरे घटने लगी। 11 जुलाई को अंतिम छात्र की टीसी कटने के बाद विद्यालय बंद हो गया। स्कूल में ताले लटकते ही विभागीय अधिकारियों ने विद्यालय में कार्यरत शिक्षक को अन्यत्र संबद्ध कर दिया। यहां के बच्चों को जंगल के रास्ते से होकर पीपली जाना पड़ रहा था। इस समस्या को लेकर पांच दिन पूर्व अभिभावकों ने कनालीछीना पहुंचकर खंड शिक्षाधिकारी से स्कूल का फिर से संचालन शुरू करने की मांग की।
शुक्रवार को जिला शिक्षा अधिकारी बेसिक शौकत अली और कनालीछीना के खंड शिक्षा अधिकारी हरक राम कोहली द्वालीसेरा पहुंचे। विद्यालय खुलने के बाद चार बच्चों ने प्रवेश ले लिया है। अधिकारियों ने बताया कि विद्यालय में एक शिक्षक प्रह्लाद सिंह कन्याल तैनात हैं। निकटवर्ती विद्यालय राजकीय प्राथमिक स्कूल नारंगी और घिंघरानी से 15-15 दिन के लिए एक शिक्षक की व्यवस्था की जाएगी। खंड शिक्षा अधिकारी ने शीघ्र ही खंड कार्यालय से एवं पदोन्नति के माध्यम से द्वालीसेरा विद्यालय में शिक्षकों की स्थाई तैनाती का आश्वासन दिया। उन्होंने क्षेत्रवासियों से अपने बच्चों को इसी विद्यालय में प्रवेश दिलाने का आह्वान किया। इस अवसर पर सरपंच कल्याण राम, दामू राम, एसएमसी अध्यक्ष लच्छी राम, पूरन प्रकाश, पवन कुमार आदि अभिभावक उपस्थित थे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें