पिथौरागढ़। जिले के जंगलों की आग बुझाने के लिए वन विभाग, विभिन्न संगठन और युवा आग बुझाने में जुट गए हैं। वन विभाग के 425 से अधिक कर्मी कई जगह लगी जंगलों की आग पर काबू पाने को मुस्तैद हो गए हैं।
एसडीओ नवीन पंत ने बताया कि जिले में 210 हेक्टेयर से अधिक जंगल आग की चपेट में आ चुके हैं। 130 से अधिक आग की घटनाएं पूरे जिले में हो चुकी हैं। आग की घटनाओं की रोकथाम के लिए 77 क्रू स्टेशन बनाए गए हैं।
जिले में जंगलों की आग बुझाने के लिए 425 से अधिक फायर वाचर काम कर रहे हैं। पुनेड़ी वन पंचायत में हरेला सोसाइटी ने ग्रामीण और स्वयंसेवकों की मदद से पिरूल और अनचाही वनस्पतियों को हटा फायर लाइन का निर्माण किया।
सोसाइटी ने पारंपरिक रेक, ब्लोवर आदि मशीनों का भी प्रयोग कर आग की रोकथाम की। वन पंचायत के सरपंच भुवन पुनेरा और ग्रामीणों की टीम वन क्षेत्र से लगे इलाकों पर लगातार नजर रख रही है। हरेला सोसाइटी की मदद से जंगल और इससे लगे इलाके में घूमने आए लोगों को भी जागरूक किया जा रहा है।
वन प्रबंधन और वनाग्नि से बचने और बेहतर उपायों के लिए आईएफएडब्लू (इंटरनेशनल फंड फॉर एनिमल वेलफेयर) और डब्लूटीआई (वाइल्ड लाइफ ट्रस्ट ऑफ इंडिया) जैसी संस्थाओं का भी सहयोग लिया जा रहा है।
भागीरथी पुनेरा, शांति पुनेरा, दीपांशु जोशी, कौशिक पाठक, दीप जोशी, सोनू शर्मा, हर्षवर्धन चौधरी, राज्यवर्धन चौधरी, मनोज मटवाल आदि का सहयोग रहा।
हाटथर्प के युवाओं ने बुझाई वन पंचायत में लगी आग
डीडीहाट (पिथौरागढ़)। दस दिनों से हाटथर्प के जंगलों में धधकी आग से वन पंचायत हाट की कई हेक्टेयर आरक्षित वन आग की भेंट चढ़ गया था। हाटथर्प के युवाओं ने वन पंचायत में लगी आग पर काबू पाने के लिए आग को बुझाने का कार्य शुरू कर दिया है।
हाट वन पंचायत के सरपंच नंदन कफलिया के नेतृत्व में कई युवाओं ने हाटथर्प की लघड़ा से लगी वन पंचायत में आग बुझाई। सुबह आठ बजे से हाट नवयुवक मंगल दल से जुड़े युवाओं ने फावड़ा और हरी पत्तियों के सहारे पांच घंटे में आग पर काबू पाया। कानूनगो चंद्रप्रकाश, उपनिरीक्षक केएस पंचैली ने भी सहयोग किया।