पिथौरागढ़ के लाशघर रोड में खड़े वाहन।
- फोटो : PITHORAGARH
पिथौरागढ़। जिला मुख्यालय में अक्तूबर से नई यातायात व्यवस्था लागू होने के बाद भी हालात नहीं सुधरे हैं। नगर की सड़कों पर अलग-अलग स्थानों में लोगों को आए दिन जाम से परेशान होना पड़ रहा है। पूर्व में पुलिस प्रशासन ने शहर से बाहर एंचोली में पार्किंग की व्यवस्था की थी, जिसका टैक्सी यूनियन और टैक्सी संचालकों ने जमकर विरोध किया था। इसके बाद पालिका ने अक्तूबर में बहुमंजिला पार्किंग स्थल में पार्किंग की अस्थायी व्यवस्था की थी। पर यातायात व्यवस्था नहीं सुधरी।
नगर में नई पार्किंग व्यवस्था को लागू हुए दो माह बीत गए हैं। बावजूद यातायात व्यवस्था पटरी पर नहीं लौटी है। लोगों को आए दिन जाम की समस्या से जूझना पड़ता है। नगर के केएमओ स्टेशन, टनकपुर स्टैंड, सिल्थाम, लाशघर रोड पर सीमित संख्या में वाहनों के पार्क करने की व्यवस्था की गई है। केएमओ स्टेशन में एंचोली, बड़ाबे, हल्द्वानी, टनकपुर स्टैंड पर टनकपुर के अलावा आठगांव सिलिंग जाने वाले वाहन खड़े रहते हैं। घुपौड़ में वड्डा, नैनीसैनी, चंडाक रोड पर चंडाक क्षेत्र और सिल्थाम में कनालीछीना, धारचूला, थल को जाने वाले वाहन खड़े रहते हैं। वहीं बहुउद्देशीय पार्किंग, घुपौड़, ग्रीफ बैंड और चंडाक रोड पर ग्रामीण और अन्य क्षेत्रों को जाने वाले वाहन अपनी बारी के इंतजार में पार्क रहते हैं।
नंबर आने पर वाहन शहर के भीतर स्टैंड पर आते हैं। लेकिन इन व्यवस्थाओं के बाद भी लोगों को जाम की समस्या में फंसना पड़ रहा है। निजी वाहन सड़कों के किनारे ही पार्क किए जाते हैं। राहगीरों को भी पैदल चलने में दिक्कत का सामना करना पड़ता है। कई बार तो नगर की सड़कों पर घंटों जाम लग जाता है। काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा।