ऊधमसिंह नगर के नानकमत्ता में 29 और 30 नवंबर को हुई राज्य स्तरीय बाल विज्ञान कांग्रेस में सनराइज पब्लिक स्कूल के 12 वर्षीय ऋषि पांडे का मॉडल राष्ट्रीय स्तर की बाल विज्ञान कांग्रेस के लिए चयनित हुआ है। ऋषि और उसकी टीम ने मौसम का खेती पर असर विषय पर प्रोजेक्ट तैयार किया। उन्होंने पिथौरागढ़ के आसपास के गांवों का भ्रमण करने के बाद पाया कि जमीन में नमी की कमी होने के कारण अब परंपरागत धान थापचीनी का उत्पादन नहीं हो रहा है। मडुवा का उत्पादन कम हो गया है। कई वनस्पतियां ऐसी हैं जो मौसम परिवर्तन के साथ समाप्त होती जा रही हैं। पानी वाली जगह में पैदा होने वाला पुदीना अब नहीं दिखता। पिपरमेंट भी नहीं मिलता।
ऋषि अब 27 से 31 दिसंबर तक चंडीगढ़ विश्वविद्यालय मोहाली में होने वाली राष्ट्रीय स्तर की बाल विज्ञान कांग्रेस में अपना म़ॉडल प्रस्तुत करेगा। ऋषि गरीब परिवार से ताल्लुक रखता है। कक्षा छह में पढ़ने वाले इस बच्चे को सनराइज स्कूल के प्रबंधकों ने मुफ्त शिक्षा की सुविधा दे रखी है। ऋषि की इस उपलब्धि पर स्कूल प्रबंधमंडल के कपिल शर्मा, हेमंत ततराड़ी, प्रधानाचार्य केएन शर्मा, मार्गदर्शक शिक्षक अजय बिष्ट ने खुशी जताई है। ऋषि ने अपने मॉडल में यह भी सुझाव दिया है कि जमीन की नमी को बढ़ाने का प्रयास किया जाए। इसी से फसलों को बचाया जा सकता है।