नाचनी क्षेत्र से लगे जंगलों में आग लगने का सिलसिला जारी है। शुक्रवार को वन पंचायत बिर्थी, मड़लकिया, दाफा, कापा के जंगलों में दिनभर आग लगी रही। वनाग्नि से इलाके के जंगलों और पहाड़ियों की हरियाली अदृश्य हो गई है। इलाके के जंगलों में एक के बाद एक आग की घटना होने के बाद भी वन महकमे, प्रशासन की सक्रियता नहीं दिखी।
शुक्रवार को वन पंचायत बिर्थी में लगी आग फैलकर रिजर्व वन लाता तक पहुंच गई, जिससे बांज, फल्यांट, बुरांश के साथ ही कई चारा प्रजाति के पौध नष्ट हो गए और बड़े पेड़ों को भी नुकसान पहुंचा है। किसी ने भी आग बुझाने के लिए प्रयास तक नहीं किया।
रामगंगा घाटी से लगे वन पंचायत बोरागांव के कापा जंगल में बृहस्पतिवार शाम को आग लगाने से 3 हेक्टेयर क्षेत्र में वन जल गए। आग बढ़ते हुए शुक्रवार दोपहर बाद वन पंचायत रसियाबगड़ के जंगल तक पहुंच गई है। बोरागांव के ग्रामीणों ने आग लगाने वाले व्यक्ति की पहचान कर पुलिस और वन विभाग को सूचना दे दी है। ग्रामीणों का कहना है कि पशुओं को जंगल से चुगाकर घर लौट रहे एक व्यक्ति ने जंगल में आग लगाई। उसे अन्य लोगों ने आग लगाने के लिए मना भी किया, लेकिन उसने चारा अधिक होने की बात करते हुए जबरदस्ती आग लगा दी, जो अन्य क्षेत्रों में भी फैल गई। लोगों ने आग लगाने वाले के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
महिलाएं देर शाम तक आग बुझाने में जुटी रही
नाचनी। कापा जंगल में लगी आग के वन पंचायत रसियाबगड़ तक पहुंचते ही सरपंच तुलसी देवी के नेतृत्व में 30 महिलाएं आग पर काबू पाने के लिए रवाना हुई, लेकिन तब तक आग ज्यादा हिस्से में फैल चुकी थी। महिलाओं के काफी प्रयास के बाद भी जंगल की आग नहीं बुझ पाई। महिलाएं देर शाम तक आग बुझाने के प्रयास में जुटी रही।
बड़ालू के जंगलों में भड़की आग
झूलाघाट (पिथौरागढ़)। झूलाघाट-पिथौरागढ़ रोड पर स्थित बड़ालू के जंगलों में शुक्रवार को दोपहर बाद भीषण आग लग गई। आग से छोटे पौधों को भारी नुकसान पहुंचा है। वन विभाग की टीम सूचना मिलते ही मौके को रवाना हो गई है। आग सड़क से काफी दूरी पर लगी होने के कारण वहां तक पहुंचने में कठिनाई हो रही है। यदि आग पर जल्दी काबू नहीं पाया गया तो यह जंगल के पूरे हिस्से को चपेट में ले लेगी। बड़ालू निवासी संतोष चंद ने वन विभाग के अधिकारियों को जंगल में आग लगने की सूचना दी।