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भुरमुनी, आंवलाघाट में पक्षियों का खूबसूरत संसार

Sun, 05 Mar 2017 10:24 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, पिथौरागढ़
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वाटर हेन पक्षी - फोटो : अमर उजाला
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चंडाक, नाकोट, भुरमुनी से लेकर आंवलाघाट तक के इलाके में भी पक्षियों का खूबसूरत संसार है। मोनाल संस्था के सदस्यों ने मुनस्यारी के बुग्यालों के बजाए रविवार को पिथौरागढ़ नगर के नजदीकी इलाकों में बर्ड वाचिंग कैंप लगाया। इस इलाके में उम्मीद से ज्यादा पक्षी नजर आए। अब वसंत ऋतु का आगमन हो गया है। जंगलों में कई प्रकार की पक्षियों का कलरव सुनाई देता है।
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मोनाल संस्था के सचिव सुरेंद्र पंवार, बर्ड वाचर जगदीश भट्ट ने बताया कि इस इलाके में रेड हेडेड वल्चर, अग्रेल डव, वाटर हेन, बार्न आउल, जंगल आउल, यलो फुटेज ग्रीन पिजन, माउंटेन बुलबुल जैसे असंख्य पक्षी नजर आए। कुछ परंपरागत पक्षी जैसे गौरेया, मैना, कबूतर, कौआ आदि अक्सर लोगों के घरों के आसपास घूमते रहते हैं। बर्ड वाचर जगदीश भट्ट ने बताया कि अब तक पिथौरागढ़ नगर के आसपास के इलाकों में बर्ड वाचिंग नहीं हुई थी, लेकिन रविवार को की गई बर्ड वाचिंग से ऐसा सामने आया कि यहां पर भी असंख्य प्रजातियों के पक्षी हैं। उन्होंने कहा कि पिथौरागढ़ को भी बर्ड वाचिंग केंद्र के रूप में विकसित किया जा सकता है।

चंडाक, भुरमुनी जैसे ठंडे इलाकों में अलग तरह के पक्षी दिखते हैं, लेकिन आंवलाघाट में नदी के किनारे जलजीवों का शिकार करने वाले पक्षी दिखते हैं। छह घंटे के कैंप के दौरान 72 प्रकार के पक्षी दिखाई दिए। इसे उत्साहजनक परिणाम बताया है। उच्च हिमालयी क्षेत्र में मिलने वाले पक्षी और मध्य हिमालय के जंगलों में मिलने वाले पक्षियों के स्वभाव में काफी अंतर होता है। उच्च हिमालयी क्षेत्रों में मानवीय हस्तक्षेप कम रहता है, लेकिन मध्य हिमालय में जंगलों से सटकर ही आबादी भी है। पक्षी ज्यादा सुरक्षित स्थान की खोज में घने जंगलों और नदियों के किनारे चले जाते हैं। उन्होंने बताया कि पिथौरागढ़ के नजदीक के अन्य जंगलों में भी इस संभावना की तलाश की जाएगी।
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बर्ड वाचिंग एसोसिएशन के गठन का सुझाव
मुख्य विकास अधिकारी डा. आशीष चौहान बर्ड वाचिंग कैंप से इतने प्रभावित हैं कि उन्होंने बर्ड वाचिंग एसोसिएशन बनाने का सुझाव तक दे दिया है। मोनाल संस्था के सुरेंद्र पंवार और जगदीश भट्ट के साथ बातचीत में सीडीओ ने कहा कि वन विभाग के साथ तालमेल बैठाकर जल्दी ही बर्ड वाचिंग एसोसिएशन का गठन किया जाएगा। उसमें स्कूली बच्चे और प्रकृति प्रेमियों को जोड़ा जाएगा।
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