पिथौरागढ़ में प्रदर्शन करते बीएसएनएल कार्मिक।
- फोटो : पिथौरागढ़
अन्य केंद्रीय उपक्रमों की तरह बीएसएनएल कर्मियों को तृतीय वेतनमान देने, फोर जी स्पैक्ट्रम के आवंटन से बीएसएनएल को वंचित नहीं करने सहित सात सूत्री मांगों को लेकर बीएसएनएल कर्मियों ने तीन दिवसीय हड़ताल शुरू कर दी है। तीन दिनी हड़ताल से संचार सेवाओं पर बड़ा असर पड़ने की आशंका है।
सोमवार को बीएसएनएल के अधिकारियों और कर्मचारियों ने कार्य बहिष्कार करने के बाद प्रदर्शन किया। इस अवसर पर वक्ताओं ने अन्य केंद्रीय उपक्रमों की तरह बीएसएनएल कर्मियों को तृतीय वेतनमान देने, बीएसएनएल को फोर जी स्पैक्ट्रम के आवंटन से जानबूझकर वंचित न कर फोर जी स्पैक्ट्रम बीएसएनएल को देने, पेंशन रिविजन को पे रिविजन करने के आश्वासन को पूरा करने, केंद्र सरकार के नियमों के अनुसार बीएसएनएल कर्मियों का पेंशन योगदान दिए जाने, द्वितीय वेतनमान की लंबित संस्तुतियों को लागू करने, बीएसएनएल के बोर्ड ऑफ डायरेक्ट के सभी रिक्त पदों पर शीघ्र नियुक्ति करने और बीएसएनएल के मोबाइल टावरों का संचालन आउटसोर्सिंग के माध्यम से संचालित करने के प्रस्ताव को रद्द करने की मांग उठाई।
प्रदर्शन करने वालों में एसएनईए के अध्यक्ष एसएन रावत, सदस्य गौरव कन्याल, एनईएफटी के जिला सचिव एनएस नयाल, संगठन मंत्री आनंद पाठक, शाखा सचिव प्रहलाद बृजवाल सहित सभी अधिकारी कर्मचारी शामिल थे। पिथौरागढ़ में बीएसएनएल के 35 अधिकारियों और कर्मचारियों के अगले तीन दिनों तक हड़ताल पर रहने से संचार सेवाओं में असर पड़ने की आशंका है।